घरों की रौनक होती हैं बेटियां
बिजनौर। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में आयोजित विधिक साक्षरता शिविर में बेटियों को बचाने एवं उन्हें पढ़ाने का आह्वान किया गया। मंगलवार को मंडावर के मोहल्ला काजीयान में आयोजित शिविर में वक्ताओं ने कहा कि बेटियां घरों की रौनक होती हैं। बिना बेटियों के घर अधूरा रहता है। कहा कि लड़कियों के बिना संसार का चक्र नहीं चल सकता। आज वे किसी भी क्षेत्र में लड़कों से कम नही हैं। हम सभी को बेटियों का सम्मान करना चाहिए और उन्हें पढ़ा लिखाकर योग्य बनाना चाहिए। अध्यक्षता स्थायी लोक अदालत के सदस्य अशोक निर्दोष ने किया। संचालन पूर्व डीजीसी हरपाल सिंह ने किया। शिविर को अतीक अहमद, मोहम्मद शारिक, जैद बेग, कुमारी शमां आदि ने संबोधित किया।