किसान मजदूर संगठन ने किया प्रदर्शन
अमर उजाला ब्यूरो
बिजनौर।
राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन ने गन्ना पर्ची में धांधलेबाजी को लेकर प्रदर्शन किया। किसानों ने कलक्ट्रेट में धरना दिया और गन्ने की होली जलाई। संगठन ने अपनी मांगों को लेकर 12 सूत्री ज्ञापन एसडीएम इंद्रजीत सिंह को सौंपा।
गन्ना समिति में किसानों की पंचायत हरी सिंह की अध्यक्षता और कामेंद्र सिंह के संचालन में हुई। राष्ट्रीय महासचिव कैलाश लांबा ने प्रदेश सरकार को किसान विरोधी बताया। कहा कि किसान लुट रहा है। गन्ना खेतों में खड़ा है। गेहूं की कटाई शुरू हो गई है। गर्मी बढ़ने से गन्ना सूखने लगा है। किसान को दोहरा नुकसान हो रहा है। पर्ची वितरण में धांधलेबाजी हो रही है। डीसीओ अपने चहेतों को फायदा पहुंचाने में लगे हैं। प्रशासन किसानों को पर्ची दिलवाए। इसके बाद किसान प्रदर्शन करते कलक्ट्रेट पहुंचे। किसानों ने जमकर नारेबाजी की। कलक्ट्रेट में किसान धरने पर बैठ गए। एसडीएम इंद्रजीत सिंह किसानों के बीच पहुंचे और डीसीओ ओपी सिंह को वहीं बुलवा लिया। डीसीओ ने कहा कि शासन के आदेश पर दोबारा सर्वे शुरू हो गया है। किसानों का खेतों में खड़ा गन्ना जल्द शुगर मिलों पर डलवाया जाएगा। संगठन की ओर से एसडीएम को ज्ञापन दिया गया। इसमें गन्ना, बिजली, ऋणमाफी समेत 12 मांग शामिल हैं। इस दौरान ठाकर सिंह, जिलाध्यक्ष विनोद कुमार उर्फ बिट्टू, वेदप्रकाश, हरगुलाल सिंह, मलखन सिंह, अंकुर चौधरी आदि मौजूद रहे।
मुआवजा नहीं मिलने पर सड़क जोतने की चेतावनी
बिजनौर। आजाद किसान यूनियन की गन्ना समिति में बैठक हुई। राष्ट्रीय अध्यक्ष राजेंद्र सिंह ने आरोप लगाया कि शुगर मिलों ने किसानों का करोड़ों रुपये दबा रखे हैं। किसान को गन्ने का पेमेंट नहीं किया जा रहा है। जिला संयोजक एमपी सिंह ने कहा कि किसानों के उत्पीड़न के लिए डीसीओ जिम्मेदार हैं। डीसीओ किसानों का उत्पीड़न करके शुगर मिलों को स्पोर्ट कर रहे हैं। जिला अध्यक्ष विरेंद्र सिंह ने कहा कि रायपुर बेरिसाल में किसानों की जमीन सड़क बनाने के लिए अधिग्रहित की गई थी। मुआवजा नहीं मिला है। यदि 16 अप्रैल तक मुआवजा नहीं दिया जाता है, तो किसान बनी सड़क को उखाड़ फेकेंगे। इस दौरान हुकुम सिंह, सत्यवीर सिंह, कैलाश, संजीव आदि मौजूद रहे।