सभापति के फर्जी हस्ताक्षर से तीन लाख के ऋण जारी
नजीबाबाद। साधन किसान सेवा सहकारी समिति अहमदपुर सादात में सभापति के फर्जी हस्ताक्षर से आठ किसानों को करीब तीन लाख रुपये का ऋण दिए जाने का मामला सामने आया है। सभापति ने फर्जीवाड़े में समिति के एमडी, बाबू और जिला सहकारी बैंक के शाखा प्रबंधक के हमसाज होने का आरोप लगाया है।
साधन किसान सेवा सहकारी समिति अहमदपुर सादात द्वारा समिति सदस्य किसानों को ऋण दिया जाता है। एमडी, सभापति और बाबू के संयुक्त हस्ताक्षर से सहकारी समिति ऋण पास करती है। चयनित किसान सदस्यों को जिला सहकारी बैंक रेलवे स्टेशन रोड शाखा से ऋण धनराशि जारी की जाती है।
अहमदपुर सादात किसान सेवा सहकारी समिति के सभापति जोगेंद्र सिंह का आरोप है कि समिति के एमडी सुंदर लाल, बाबू कुंवर पाल ने उनके फर्जी हस्ताक्षर से करीब तीन लाख रुपये का किसान सदस्यों को ऋण जारी किया। सभापति ने परमावाला निवासी हरबंत सिंह को 80 हजार रुपये, झक्काकी निवासी राजेश कुमार को 52300 रुपये, राकेश को 44380 रुपये, बालेश को 47355 रुपये, संजय कुमार को 20 हजार रुपये, कनकपुर कला निवासी तेजपाल को 44400 रुपये, रणधीर सिंह को 12600 रुपये उनके फर्जी हस्ताक्षर से तैयार फाइल पर जारी करने का सनसनीखेज आरोप लगाया। सभापति ने बैंक प्रबंधक पर हरबंत सिंह की ऋण फाइल न दिखाने का भी आरोप लगाया।
सभापति के फर्जी हस्ताक्षर से ऋण जारी करने के मामले में अपर जिला सहकारी अधिकारी सुनील कुमार ने समिति और जिला सहकारी बैंक नजीबाबाद शाखा आकर प्राथमिक जांच शुरू कर दी है। उधर सभापति ने फर्जी हस्ताक्षर से ऋण जारी करने का मामला मुख्यमंत्री को भेजने की बात कही है।
जांच की जा रही है
नजीबाबाद। एमडी सुंदर लाल का कहना है कि कार्यालय का बाबू फाइल तैयार करता है। सभापति ने कुछ फाइलों पर फर्जी हस्ताक्षर की बात कही है। जिसकी जांच की जा रही है।
समिति बनाती है ऋण फाइल : प्रबंधक
नजीबाबाद। जिला सहकारी बैंक नजीबाबाद के शाखा प्रबंधक राजेश कुमार ने बताया कि साधन सहकारी समिति अहमदपुर सादात से किसानों की ऋण संबंधी फाइलें तैयार होकर आती हैं। उन्होंने सभापति द्वारा कुछ फाइलों पर फर्जी हस्ताक्षर की शिकायत की है। शिकायत पर एडीसीओ प्राथमिक जांच के लिए आए थे। जांच चल रही है।