आईपीपीबी खाता खुलवाने को डाकघर में लग भीड़
बिजनौर। आईपीपीबी खातों में पैसा आने की अफवाह फैलने पर प्रधान डाकघर में इंडियन पोस्ट पेमेंट बैंक (आईपीपीबी) का खाता खुलवाने वालों की भीड़ लग रही है। इनमें महिलाओं की संख्या अधिक है। डाक कर्मचारियों के लाख समझाने के बाद भी लोग सुनने को तैयार नहीं हैं। अफसरों के अनुसार केंद्र सरकार की ओर से इस तरह की कोई योजना नहीं है, जिससे कि लोगों के खाते में पैसा आए।
केंद्र सरकार ने इंडियन पोस्ट पेमेंट बैंक (आईपीपीबी) की शुरुआत सितंबर 2018 में की थी। तभी से लोगों ने प्रधान डाकघर से लेकर शाखा डाकघरों में खाते खुलवाने शुरू कर दिए थे। इसके अंतर्गत अब तक जिले में करीब 1200 खाते खुल चुके हैं। ग्रामीण डाकघरों में सिस्टम के अभाव के कारण प्रधान डाकघर में खाता खुलवाने वालों की भीड़ बढ़ी है। अफसरों के अनुसार किसी ने अफवाह फैला दी कि आईपीपीबी खाता खुलवाने पर उपभोक्ता के खाते में केंद्र सरकार की ओर से पैसा भेजा जाएगा। इस कारण लोग अपने खाते खुलवा रहे हैं। इस योजना के अंतर्गत केवल आधार कार्ड से ही जीरो बैलेंस पर खाता खोला जा रहा है। मिनीमम बैलेंस की कोई बाध्यता नहीं है। साथ ही एक लाख रुपये तक खाताधारक अपने खाते में धन रख सकता है। डाक अधीक्षक मोहनलाल शर्मा ने बताया कि आईपीपीबी खातों में केंद्र सरकार की ओर से कोई पैसा नहीं आएगा। किसी ने यह अफवाह फैला दी है। इस खाते का प्रयोग डिजिटल लेनदेन के लिए करना मुफीद है। डाक अधीक्षक ने जनपद वासियों से अपील की है कि वे इस तरह किसी अफवाह में न आएं।
आईपीपीबी खाते का प्रयोग
पोस्टमास्टर देवेंद्र कुमार ने बताया कि इंडियन पोस्ट पेमेंट बैंक खाते का इस्तेमाल सिर्फ एंड्रायड और विंडो मोबाइल पर ही किया जा सकता है। प्रधान डाकघर में खाता खुलवाने के लिए सुबह से ही महिलाओं की भीड़ लग रही है। इससे कर्मचारियों का जीना मुहाल है। एप्लीकेशन के माध्यम से खाताधारक आरडी, पीएलआई, आरपीएलआई, बिजली का बिल आदि का भुगतान किया जा सकता है। उपभोक्ता इससे रिचार्ज आदि भी कर सकते हैं।