नजीबाबाद (बिजनौर)। विकास खंड की दो ग्राम पंचायतों में कूड़ा निस्तारण संयंत्र स्थापना के प्रयासों को ग्रहण लगता नजर आ रहा है। दरअसल राजस्वकर्मियों द्वारा चयनित भूमि को जिला ग्राम्य विकास अभिकरण की तकनीकी टीम ने संयंत्र स्थापना के लिए अनुपयुक्त बता दिया। कोई विकल्प शेष न बचने पर प्रस्ताव शासन को वापस भेज दिए जाएंगे।
नजीबाबाद ब्लॉक की ग्राम पंचायत तातारपुर लालू, बौरेकी, गजरौला पाईमार, मुबारकपुर और कल्हेड़ी कूड़ा निस्तारण स्थापना के लिए चयनित हुईं थीं। इनमें तातारपुर लालू, बौरेकी और गजरौला पाईमार में निर्माण कार्य प्रगति पर है, जबकि मुबारकपुर और गजरौला पाईमार में संयंत्र स्थापना का मामला खटाई में पड़ गया है। एडीओ पंचायत कुलदीप सिंह ने बताया कि राजस्व कर्मियों ने मुबारकपुर में जो भूमि चयनित की थी, वह तालाब की भूमि थी। जिला ग्राम्य विकास अभिकरण के एई और तकनीकी टीम ने भूमि का सर्वे किया, तो वह संयंत्र स्थापना के लिए उपयुक्त नहीं मिली। कल्हेड़ी में भी चयनित भूमि अनुपयुक्त मिली। निरंतर संपर्क के बावजूद क्षेत्रीय ग्राम प्रधानों ने कोई ऐसी भूमि चयनित नहीं कराई, जो उचित हो और विवादित न हो। बीडीओ अनवर शेख ने बताया कि दोनों चयनित पंचायतों में संयंत्र स्थापना के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं। ऐसा न हो पाने पर ब्लॉक की शहर से सटी अन्य पंचायत में संयंत्र स्थापना के लिए उच्चाधिकारियों से संपर्क किया जाएगा। कोई विकल्प शेष न बचने पर कूड़ा निस्तारण संयत्र स्थापना का प्रस्ताव शासन को वापस भेजने पर विवश होना पड़ेगा।
जालबपुर गूदड़ में हो संयंत्र स्थापना - ग्राम प्रधान
नजीबाबाद। जालबपुर गूदड़ की ग्राम प्रधान नंदिनी राजपूत ने अपनी पंचायत में संयंत्र स्थापना की अपील की है। उनका कहना है कि जनहित में मिली योजना को क्रियान्वित किए बगैर शासन को वापस भेजना उचित नहीं होगा। पंचायत में खाद के गड्ढों में दर्ज करीब दो बीघा भूमि सुरक्षित और ऐसे स्थान पर है, जहां कूड़ा निस्तारण संयंत्र स्थापना निर्बाध की जा सकेगी। ग्राम प्रधान का कहना है कि टीम भूमि का पहले सर्वे कर रिपोर्ट अधिकारियों को सौंप चुकी है।