पुरानी पेंशन बहाली के लिए कलक्ट्रेट में धरना
बिजनौर। कर्मचारी, शिक्षक, अधिकारी पुरानी पेंशन बहाली मंच के बैनर तले कर्मचारियों ने पुरानी पेंशन बहाली के लिए कलक्ट्रेट में धरना-प्रदर्शन किया। पुरानी पेंशन बहाली के लिए मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारी को सौंपा। कार्रवाई न होने पर छह फरवरी से भूख हड़ताल की चेतावनी दी।
वक्ताओं ने धरने में कहा कि पुरानी पेंशन के लिए कर्मचारी लंबे समय से संघर्ष कर रहे हैं। अगर कोई नेता एक दिन के लिए ही सांसद व विधायक बनता है तो उसे आजीवन पेंशन मिलती है, लेकिन आजीवन सरकार की योजनाओं को क्रियान्वित करने वाले कर्मचारियों व अधिकारियों को पुरानी पेंशन से 2005 से वंचित कर रखा है। कहा कि नई पेंशन नीति के नाम पर कर्मचारियों को छला जा रहा है। पुरानी पेंशन के लिए पिछले साल 24 अक्तूबर को उपमुख्यमंत्री डा.दिनेश शर्मा के साथ संगठन के पदाधिकारियों की बैठक हुई थी, उसमें दो महीने के अंदर कार्रवाई का आश्वासन दिया गया था। लेकिन अभी तक इस प्रकरण में कोई कार्रवाई नहीं की गई है। इससे प्रदेश भर के पेंशन विहीन कर्मचारियों व अधिकारियों में रोष है। कहा कि पुरानी पेंशन बहाली के लिए अब कर्मचारी आरपार की लड़ाई लड़ने का निर्णय कर चुके हैं। छह फरवरी से भूख हड़ताल की जाएगी। धरने की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष नागेश कुमार व संचालन देशराज सिंह ने किया। धरने में दुर्गा सिंह, अर्जुन सिंह, महेंद्र सिंह, धर्मेंद्र सिंह, लोकेंद्र त्यागी, प्रमोद यादव, इंद्रवीर सिंह, असीम चौहान, सुशील कुमार, अरूण चौहान, सरदार कोमल सिंह, अरशद जमाली, संपूर्णानंद, सचिन चौहान, रानी शर्मा, निधि चौहान, स्वाति राठी आदि मौजूद रहे।