बिजनौर। बिजनौर व मुजफ्फरनगर की टीम की संयुक्त जांच में खादर क्षेत्र में 51 हेक्टेयर जमीन पर दोनों जिलों के गांव वाले अपना अधिकार जमा रहे हैं। दोनों गांव वालों ने जमीन के लिए दावे ठोकने शुरू कर दिए हैं। अब प्रशासन इस जमीन की फिर से जांच कराएगा। जांच के बाद ही बिजनौर के गांव रामपुर ठकरा को खाली करने के संबंध में अगली कार्रवाई होगी।
कोर्ट के आदेश पर वन विभाग की करीब 60 हेक्टेयर जमीन पर बसे गांव रामपुर ठकरा की जमीन को खाली करने की कार्रवाई की जा रही है। एसडीएम वीके सिंह ने गांव वालों की मांग पर जमीन का एक बार फिर से सीमांकन कराने का निर्देश दिया था। असल में रामपुर ठकरा नाम के गांव बिजनौर और मुजफ्फरनगर दोनों जिलों में हैं। बिजनौर के गांव रामपुर ठकरा वाले भी अपने आप को मुजफ्फरनगर सीमा में बता रहे थे। एसडीएम के निर्देश पर जिला बिजनौर व मुजफ्फरनगर की जानसठ तहसील की राजस्व टीम ने जमीन का सीमांकन किया। जांच में पता चला कि 51 हेक्टेअर जमीन ओवरलैप हो रही है। इसका मतलब है कि 51 हेक्टेयर जमीन दोनों जिलों के रिकॉर्ड में पाई गई है। इस जमीन को दोनों गांव वाले अपना बता रहे हैं। अब राजस्व व वन विभाग की टीम भी असमंजस में आ गई है। बिजनौर के गांव रामपुर ठकरा को खाली करने की कार्रवाई अब इस ओवरलैप जमीन के स्वामित्व के निर्णय के बाद ही होने के कयास लगाए जा रहे हैं। एसडीएम वीके सिंह के मुताबिक जांच में 51 हेक्टेयर जमीन ओवरलैप मिली है। इस जमीन को स्वामित्व के निर्णय के बाद अगली कार्रवाई पर विचार किया जा रहा है।