ज्ञानपुर। महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना से गांवों में रोजगार दिया जाता है, लेकिन बीते करीब डेढ़ माह से मजदूरी का संकट है। कई गांवों में मजदूरी न मिलने से मजदूरों के समक्ष आर्थिक तंगी आने लगी है। पांच नवंबर को ही दीपावली है, यदि इससे पहले मजदूरी नहीं मिली तो कई मजदूरों की दिवाली फीकी हो सकती है। मनरेगा से जुड़े अधिकारियों की मानें तो जिन गांवों में मजदूरी बकाया है वहां का भुगतान कराने की कार्यवाही की जा रही है। शासन से कुछ बजट जारी हुआ है, उसमें भदोही जिले के भी कुछ न कुछ जरूर मिलेगा। उधर, मजदूरी की आस में मजदूर कभी प्रधान तो कभी सचिव के दरवाजे का चक्कर काट रहे हैं। डीसी मनरेगा राजाराम ने कहा कि बकाया मजदूरी शीघ्र मिलने की उम्मीद है। जहां काम बंद है वहां चालू करने के लिए प्रधानों व सचिवों से बात की जा रही है।