रामपुर गंगा घाट पर पितरों को पिंडदान करते लोग।
पूर्वजों के श्राद्ध का पर्व पितृ विसर्जन शुक्रवार को परंपरागत तरीके से संपन्न हुआ। श्राद्ध के लिए गंगा घाटों पर लोगों का सैलाब उमड़ पड़ा। भोर में पांच बजे से शुरू हुआ पिंडदान दोपहर बाद तक चलता रहा। रामपुर गंगा घाट पर करीब एक लाख समेत प्रमुख घाटों पर दो लाख से अधिक लोगों ने पिंडदान कर पितरों का तर्पण किया।
शुक्रवार को भोर चार बजे से गंगा घाटों पर लोग पहुंचने लगे। पुरोहितों की देखरेख में दूरदराज से आए लोगों ने तिल, शहद, रोरी, रक्षा, खोवा, जौ का आटा समेत अन्य जरूरी सामग्री के साथ विधि-विधान पूर्वक अपने पूर्वजों का नमन कर तर्पण किया। उसके बाद गंगा में स्नान कर दान पुण्य किया। इसी तरह औराई के भोगांव, डीघ के कलिंजरा, बिहरोजपुर, बेरासपुर, सीतामढ़ी स्थित गंगा घाटों पर लोगों की भीड़ उमड़ी। लोगों ने गंगा स्नान कर अपने पूर्वजों को याद श्रद्धा के साथ पिंड दान किया।