नगर पालिका परिषद क्षेत्र में लगभग 37 मार्गों के निर्माण में अनियमितता की शिकायतों की जांच कर रही जिलाधिकारी द्वारा गठित टीम ने सोमवार को दोबारा जांच की।
गौरतलब है कि पालिका के 14 असंतुष्ट सभासदों ने 37 मार्गों के निर्माण में खामियों की मंडलायुक्त से शिकायत की थी। इससे पूर्व 21 जनवरी को मुख्य विकास अधिकारी आरपी मिश्र के नेतृत्व में जांच दल जांच कर चुकी है।
जांच दल के सदस्यों का कहना है कि मार्गों की समस्या की संख्या अधिक होने से इसमे समय लग सकता है। गत गुरुवार को जांच करने के बाद टीम के सदस्य वापस लौट गए थे।
सोमवार को पुन: नगर में आए जांच दल पहले पकरी मोहल्ला पहुंचा। बताते हैं कि वहां सभासद रीता देवी ने जांच दल को दो टूक कह दिया कि हमारे यहां कोई ग़ड़बड़ी नहीं हुई है इसलिए यहां जांच न करें।
इस पर अधिकारीगण छेड़ीवीर वार्ड अंतर्गत कुशियरां त्रिमुहानी पहुंचे। वहां बिछाए जा रहे सीवर लाइन की जांच की। यहां के बारे में सभासदों की शिकायत थी कि सीवर का लेवल ठीक नहीं लिए जाने से पानी उल्टा बहेगा। इसकी अधिकारियों ने जांच की और कई लोगों के बयान लिए।
रजपूरा गए जहां दो इंटरलाकिंग सड़कों की जांच के बाद काशीपुर में मार्ग और हरि मंदिर के पास इंटरलाकिंग मार्ग की जांच पड़ताल की। निरीक्षण के दौरान सभासद शफीक अहमद, हसनैन अंसारी, शाहिद एकराम, हफीजुल्लाह शाह, दीपू विश्वकर्मा, अमजद सोमारू, रवींद्र मौर्य, शिवशंकर सरोज, हसीब खां, दानिश सिद्दीकी आदि मौजूद रहे।
जांच करने वालों में सीडीओ के अलावा लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता दयाराम व जिला नगरीय विकास अभिकरण के परियोजना निदेशक, संत कुमार भी शामिल थे।