फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आरईएस दफ्तर में मारपीट का मामला पहुंचा महालेखाकार के समक्ष्ा

विज्ञापन
विज्ञापन
ज्ञानपुर। ग्रामीण अभियंत्रण कार्यालय में शनिवार को हुई मारपीट का मामला अब तूल पकड़ने लगा है। अधिशासी अभियंता और लेखाकार के बीच हाथापाई का मामला अब महालेखाकार के समक्ष पहुंच गया है। पीड़ित लेखाकार ने डीएम, मंडलायुक्त, महालेखाकार प्रयागराज, अधीक्षण अभियंता परिमंडल विंध्याचल को पत्र भेज कर जांच की मांग की है।
विज्ञापन

मारपीट से नाराज कर्मचारियों ने आरोप लगाया है कि अधीक्षण अभियंता ग्रामीण अभियंत्रण हरेंद्र सिंह शनिवार को विभागीय समीक्षा बैठक लेने आए थे। अधिशासी अभियंता की ओर से भ्रष्टाचार की शिकायत सामने आने पर वह आगबबूला हो गए और कर्मचारियों को गालीगलौज देते हुए मारपीट शुरू कर दी। बताया गया कि अधिशासी अभियंता भदोही के साथ चंदौली का भी कार्यभार देख रहे हैं। सप्ताह में तीन दिन सोमवार, मंगलवार, बुधवार को भदोही में उपस्थित होकर कार्यों को निबटाने का निर्देश है लेकिन वह कभी आते हैं तो कभी वाराणसी स्थित आवास पर अधीनस्थों को बुला लेते हैं। पूर्व से जारी एक जीएसटी नंबर पर भ्रष्टाचार होने से विभाग चार वर्ष से 30 लाख की पेनाल्टी का सामना कर रहा है। बीते सप्ताह में कूटरचित कर दूसरा जीएसटी नंबर जारी करा लिया गया, जो शासनादेश के खिलाफ है। जांच होने पर निचले स्तर पर कार्यरत कर्मचारियों पर ही आंच आएगी। बार-बार कहने के बावजूद अधिशासी अभियंता भ्रष्टाचार में संलिप्त होकर ठेकेदारों का भुगतान भी किया जा रहा है। रोकने पर कर्मचारियों के साथ मारपीट, गालीगलौज जैसी हरकत अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अधिशासी अभियंता अख्तर अली अंसारी ने कहा कि इस तरह के आरोप निराधार हैं। विभागीय कार्य बढ़ने के कारण कुछ कर्मचारी अधिकारियों पर सवाल उठा रहे है। पूरा मामला मंडलीय अधीक्षण अभियंता के संज्ञान में है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें