ज्ञानपुर। जिले के थानों और कोतवाली में शनिवार को आयोजित समाधान दिवस में अधिकतर मामले लंबित रह गए। ऊंज, सुरियावां, दुर्गागंज और चौरी में तो एक भी मामले का निस्तारण नहीं हो सका। नौ थानों में आए 155 प्रार्थना पत्र में मात्र 10 निस्तारित हो सके, जबकि 145 का निस्तारण करने के लिए टीम गठित की गई।
पुलिस अधीक्षक डॉ. मीनाक्षी कात्यायन कोइरौना थाने पर पहुंचीं। यहां आने वाले फरियादियों से बात किया। थाना प्रभारी को निर्देश दिया कि शिकायतों का निस्तारण प्राथमिकता से किया जाए। एक बार आने वाले फरियादी को दुबारा न आना पड़े। इसलिए राजस्व टीम के साथ मौके पर पहुंचे। यहां आए पांच मामलों में एक निस्तारित हुआ।
ज्ञानपुर कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक अरुण दूबे ने बताया कि 12 प्रार्थना पत्र आए, जिसमें दो का निस्तारण किया। भदोही कोतवाली में कुल 23 मामले दर्ज किए गए। जिसमें से दो पुलिस और 21 राजस्व विभाग के थे। कोतवाल अश्विनी कुमार त्रिपाठी ने बताया कि तीन मामलों का निस्तारण किया गया।
ऊंज थाने पर अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. तेजवीर सिंह ने शिकायतें सुनीं। यहां आए सात प्रार्थना पत्रों में किसी का निस्तारण नहीं हो सका। सुरियावां थाना प्रभारी बृजेश सिंह ने बताया कि कुल 24 शिकायतें आईं। जिसमें सात पुलिस और 17 राजस्व विभाग से जुड़ी रहीं। सभी स्थानों पर टीम भेजी गई हैं।
दुर्गागंज थाने में तहसीलदार संजय कुमार व थाना प्रभारी निरीक्षक राजेश सरोज ने फरियाद सुनी। 12 मामलों का निस्तारण के लिए टीम गठित की गई। चौरी थाने में भी आए 14 मामलों में सभी लंबित रह गई। औराई में 26 शिकायतों में 25 राजस्व विभाग से जुड़े रहे। यहां दो का निस्तारण किया गया। पुलिस विभाग के मुताबिक सभी थानों में 155 प्रार्थना पत्र आए। जिसमें 148 राजस्व और सात पुलिस विभाग की जुड़ी रही। पुलिस की सात और राजस्व की तीन शिकायतें निस्तारित की गई।