ज्ञानपुर। सेवानिवृत्त कर्मचारी एवं पेंशनर्स एसोसिएशन, उप्र और शिक्षक महासंघ के संयुक्त तत्वावधान में मंगलवार को डीएम और एसपी कार्यालय के सामने प्रदर्शन किया।
फाइनेंशियल बिल 2025 के नियमों में बदलाव के द्वारा पेंशनर्स के हितों पर किए जा रहे कुठाराघात के विरोध में प्रदर्शन कर रहे संगठन के लोगों ने पीएम व सीएम को संबोधित ज्ञापन डीएम व एसपी को सौंपा। कहा कि सरकार की घोषणा के बाद भी अब तक आठवें वेतन आयोग का गठन नहीं किया जा सका है।
सरकार की घोषणा के बाद देशभर के पेंशनर्स में खुशी का माहौल रहा, लेकिन समय बीतने के साथ कर्मचारियों के साथ पेंशनर्स को निराश होना पड़ा। इसी बीच फाइनेंशियल बिल-2025 के कानून में हुए बदलावों से पेंशनर्स और कर्मचारियों का हित प्रभावित हुआ। इससे पेंशनर्स के समूह में भेद पैदा हुआ।
मांग किया कि फाइनेंशियल नियमों में बदलाव को निरस्त किया जाए, आठवें वेतन आयोग को नियम व शर्तों के अनुसार लागू किया जाए, महंगाई राहत को महंगाई भत्ते से डी-लिंक किया जाए, पेंशनर्स को ओपीएस का लाभ दिया जाए, पेंशन राशि की कटौती 15 की बजाय 10 वर्ष तक की जाए। कोविड काल में रुके कर्मचारियों के 18 महीने का डीए जारी किया जाए और विद्यालयों को मर्ज किए जाने का आदेश वापस लिया जाए।
इस दौरान प्रभाशंकर मिश्रा, यदुपति दुबे, विजयनाथ द्विवेदी, अरुण मिश्र, बलेश मिश्र, श्रीनिवास उपाध्याय, मनोज पांडेय, सुशील मिश्रा आदि रहे।