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रक्षाबंधन:रेलवे स्टेशन, बस अड्डों पर रही गहमागहमी

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औराई के अलुआं में भाई को राखी बांधती बहन। संवाद - फोटो : BHADOHI
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ज्ञानपुर। रक्षाबंधन का त्योहार बड़े ही उत्साह पूर्वक मनाया गया। बहनों ने बृहस्पतिवार को शुभ मुहूर्त में भाइयों की कलाई पर प्यार की डोर बांधी, तो भाइयों ने भी बहनों की रक्षा करने का संकल्प लिया। इस बार रक्षाबंधन का त्योहार दो दिन यानी बृहस्पतिवार शाम और शुक्रवार सुबह मनाया जा रहा है। इस कारण भदोही, सुरियावां, मोढ़, सीतामढ़ी, जंगीगंज, गोपीगंज सहित अन्य क्षेत्रों में शाम को ही राखी का त्योहार बनाया गया। जबकि कुछ लोग शुक्रवार सुबह को रक्षाबंधन का त्योहार मनाएंगे। बाजारों में खरीदारी के लिए भीड़ लगी दिखी। तरह-तरह की रंग-बिंरगी राखी लोगों को खूब लुभा रही थी। सुबह छह बजे से मिठाई की दुकान पर भीड़ नजर आने लगी। दिन भर मौसम सुहाना रहा जिसके कारण से बाजारों में रौनक रही। वहीं सड़क पर वाहन स्वामियों की खुब चहल पहल देखी गई। ज्ञानपुर दुर्गागंज तिराहा, भदोही, गोपीगंज मिर्जापुर तिराहा, सुरियावां पाली मोढ आदि रिक्शा स्टैंड पर सवारी गाड़ी में लोगों की भीड़ देखी गई। डिपो स्टैंड दिन भर सवारियों से भरा रहा, दूसरे दिन डिपो बसें खाली जाती थी, वहीं रक्षाबंधन के दिन बसों में बैठने के लिए जगह तक नहीं दिखी। सुरक्षा व्यवस्था की दृष्टिकोण से पुलिस प्रशासन मुस्तैद रहा। प्रमुख नुक्कड़ चौराहें पर पुलिस बल तैनात दिखे। सरकार ने रक्षाबंधन के अवसर पर बहनों के लिए नि:शुल्क यात्रा की सुविधा दी, लेकिन जिले के विभिन्न रूटों पर बस न होने के कारण ऑटो से ही जाना पड़ा। ज्ञानपुर के दुर्गागंज तिराहे से गोपीगंज जोने वाली सुभद्रा ने बताया कि यहां से बस तो एक-दो ही है। वह कब जाती है कोई पता नहीं। ऐसे में ऑटो से जाना विवशता है। वहां से दूसरी बस से उन्हें मिर्जापुर रवाना होना था। यहीं हाल सुरियावां क्षेत्र से ज्ञानपुर आने वाली अनामिका का था। उन्होने बताया कि राखी बांधने के लिए ज्ञानपुर आना था। बस नहीं मिली तो ऑटो से आई। सीतामढ़ी क्षेत्र से भी कोई बस की सुविधा महिलाओं को नहीं मिली। /गोपीगंज : रक्षाबंधन के त्योहार पर घर पहुंचने की होड़ के चलते बृहस्पतिवार को रेलवे स्टेशन, रोडवेज, निजी बस स्टैंड पर यात्रियों की काफी भीड़ रही। कई लोगों को सीट नहीं मिली तो लोगों ने खड़े होकर यात्रा की। रेलवे स्टेशन ज्ञानपुर रोड, माधोसिंह, कटका, हाल्ट जंगीगंज, अहिमनपुर, सरायजगदीश, अतरौरा, अलमऊ, बस स्टैंड जंगीगंज, गोपीगंज नगर, लालानगर, घोसिया, ऊंज, वहिदानगर, महराजगंज, बाबूसराय, कोठरा पर बच्चों, महिलाओं के साथ लोग यात्रा करने वाले संसाधनों का इंतजार किया। वाराणसी, प्रयागराज, कौशांबी, महेवा घाट, चंदौली, जौनपुर, मिर्जापुर, सोनभद्र जाने वाले रोडवेज बसों का सहारा लिया, कछवां, हंडिया, भीटी, सैदाबाद, रामनाथपुर, झूंसी जाने वाले प्राइवेट बस से रवाना हुए। रेलवे स्टेशन से गाजीपुर, बलिया, कानपुर, गोरखपुर, बिहार, पटना, दानापुर, बनारस, प्रयागराज जंक्शन के लिए तीन जोड़ी अनारक्षित और कई विशेष ट्रेनों से यात्रा शुरु की गई। बहनें रोडवेज बस में नि:शुल्क यात्रा कर काफी खुश नजर आई। रक्षाबंधन त्योहार पर बाजारों में मिठाई की बिक्री चरम पर रही। नामचीन दुकानों के अलावा पटरी दुकानों पर रंगबिरंगी और सस्ती मिठाइयां खरीदने के लिए ग्राहकों की कतार लगी रही। वहीं त्योहार की आड़ में नकली खाद्य रंग व मिलावटी वर्क की मिठाइयों की दुकानें भी सजीं रहती हैं। ऐसे में खरीदारी करते समय ग्राहक इस बात का जरूर ध्यान रखें मिठाइयां ज्यादा रंगीन न हो। बृहस्पतिवार को रक्षाबंधन का शुभ मुहूर्त शाम से शुरू होकर शुक्रवार को सुबह तक चलेगा। दूरदराज रह रहीं बहनें अपने भाईयों को रक्षासूत्र बांधने के लिए दो दिन पूर्व से आवाजाही शुरू कर दीं। भाईयों का मुंह मीठा कराने के लिए बहनें गोपीगंज, ज्ञानपुर, जंगीगंज, कोइरौना, सुभाषनगर, दुर्गागंज, भदोही नगर, नईबाजार, सरोई, पाली, सुरियावां, दुर्गागंज, दानूपुर, मतेथू, अभोली, ठकुराईनक तारा, वहिदानगर, कलिंजरा मोड़, सीतामढ़ी, ऊंज बाजार, सूफीनगर-गोधना, लालानगर, खमरिया, महराजगंज, बाबूसराय, चौरी आदि बाजारों से खरीदारी करते आती हैं। मिठाई की दुकानों पर मोलभाव करने का क्रम जारी रहा। कई लोग भीड़ के कारण भी जो मिठाई मिली उसे लेकर चलते बने। खाद्य एवं सुरक्षा औषधि विभाग की टीम रक्षाबंधन की पूर्व संध्या तक बाजारों की खाक छानती रही लेकिन खरीदारों के आगे जांच नहीं कर सकी। मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी केएन त्रिपाठी ने बताया कि स्वच्छ खाद्य पदार्थों को बनाने और खरीदने के लिए जागरूक किया जा चुका है। त्योहार की आड़ में वही दुकानदार लापरवाही बरत रहे हैं जो मौका परस्त होते हैं। रंगयुक्त मिठाई के सवाल पर उन्होंने कहा कि एक किलोग्राम की मिठाई बनाने में मात्र 10 पीपीएम का खाद्य रंग डाला जा सकता है जो मानक को पूरा करते हो। बर्फी में 10 पीपीएम रंग डालने पर 72, छेना आठ घंटे तक सुरक्षित रहता है और लड्डू एक माह तक। मानक वाले रंग से बनी मेवायुक्त मिठाई 15 दिन से अधिक न रखे न खाएं। चांदी वर्क के सवाल पर कहा कि वही चांदी वर्क असली मानी जाती है जो चुटकी से रगड़ने पर चूर-चूर हो जाए। सिल्वरयुक्त वर्क रगड़ने पर भी नहीं टूटता।

नगर पालिका भदोही से पालिकाध्यक्ष के नेतृत्व में निकले तिरंगा यात्रा में शामिल लोग- फोटो : BHADOHI

जिला स्टेडियम मूंसीलाटपुर में वालीबाल खेलते खिलाड़ी। संवाद- फोटो : BHADOHI

ज्ञानपुर के पटेल नगर में आरएसएस के स्वयंसेवक को राखी बांधती छात्राएं। संवाद- फोटो : BHADOHI

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