भदोही। विद्युत मजदूर संगठन और विद्युत संविदा मजदूर संगठन जिला इकाई के कर्मचारियों ने बुधवार मांगों को लेकर रामरायपुर स्थित अधीक्षण अभियंता कार्यालय के बाहर धरना दिया। कर्मचारियों की मांग है देकर सरकार भविष्य निधि में हुए अरबों रुपये के घोटाले की जांच सीबीआई को सौंपे। इस दौरान 23 सूत्री ज्ञापन अधीक्षण अभियंता को सौंपा।
विद्युत मजदूर संगठन के मंडल अध्यक्ष रामानंद कुशवाहा के नेतृत्व में में कर्मचारी एसी कार्यालय पहुंचे। इस दौरान विरोध प्रदर्शन करते हुए नारेबारी की। मंडल अध्यक्ष ने कहा कि में कर्मचारियों के ईपीएफ का धन घोटाले की भेंट चढ़ गया। शासन ने सख्त कार्रवाई का भरोसा दिलाया लेकिन वर्षों बीतने के बाद भी दोषी चिह्नित नहीं किए जा सके हैं। इसके अलावा कहा 10 फरवरी 2015 को दर्ज मुकदमे को वापस ली जाए। 25 जनवरी 2021 के अनुक्रम में इलेक्ट्रिसिटी अमेंडमेंट बिल 2020 वापस लिए जाने, पुरानी पेंशन योजना लागू करने, पांच वर्ष तक संविदा पद पर सेवाएं दे चुके कर्मियों को रिक्त पदों पर नियुक्ति दिए जाने सहित कुल 23 सूत्री मांगपत्र अधीक्षण अभियंता को सौंपा गया। वक्ताओं ने निजीकरण संबंधी बिल बजट में पास करने की निंदा की और वापस लेने की मांग की। धरना देने में बिजलेश पाल, मंसूर अली, पवन कुमार, आजाद हुसैन, सुनील शर्मा, प्रदीप सोनी, राजकुमार, राम प्रसाद दूबे आदि रहे।