फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जिला पंचायत के विकास कार्यों की होगी टीएसी जांच

विज्ञापन
जिला पंचायत कार्यालय। - फोटो : BHADOHI
विज्ञापन
ज्ञानपुर। जिला पंचायत से कराए गए 20 वर्ष के विकास कार्यों का लेखा-जोखा जल्द ही सामने आ सकता है। शासन ने वर्ष 2000 से लेकर 2019 तक कराए गए विभिन्न विकास कार्यों की जांच कराने का निर्देश दिया है। विंध्याचल मंडल के संयुक्त विकास आयुक्त को जिला पंचायत से कराए गए कार्यों की जांच की जिम्मेदारी दी गई है। इस आशय का पत्र शासन से जारी होने के बाद जिले के सियासी अंदरखाने में कानाफूसी तेज हो गई है।
विज्ञापन

भदोही के भाजपा विधायक रवींद्र नाथ त्रिपाठी ने जिला पंचायत के विकास कार्यों की जांच कराने की मांग शासन से की थी। उन्होंने इसके लिए दो बार मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखा था। पहली बार उन्होंने गत 10 सितंबर और दूसरी बार 23 सितंबर को पत्र लिखकर जांच की मांग की थी। विधायक का आरोप है कि जिला पंचायत से कराए गए कार्यों में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी की गई है। एक ही सड़क के निर्माण के नाम पर कई बार भुगतान करा लिया गया है। जिला पंचायत से लोक निर्माण विभाग और अन्य विभागों के कार्यों का भुगतान भी कराया गया है। उन्होंने कहा कि ठीक से जांच हुई तो जिला पंचायत में अरबों की घपलेबाजी सामने आ सकती है। इस पर पंचायती राज अनुभाग के विशेष सचिव बृजनंदन लाल ने मिर्जापुर मंडल के संयुक्त विकास आयुक्त को जांच करने का निर्देश दिया है। उन्होंने कहा है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध में मुख्य विकास अधिकारी विवेक त्रिपाठी ने बताया कि जिला पंचायत से कराए गए विकास कार्यों की जांच मंडल स्तर से होनी है। उसकी तिथि अब तक नहीं आई है। कभी भी जांच हो सकती है। उल्लेखनीय है कि जिला पंचायत से हर वर्ष औसतन लगभग 75 से 80 करोड़ रुपये का बजट विभिन्न विकास कार्यों के 5िलए आवंटित किया जाता है। इससे मुख्य रूप से सड़क निर्माण और अन्य विकास कार्य कराए जाते हैं।
जिला पंचायत पर सभी की निगाहें
जिले के विकास कार्यों में अहम भूमिका निभाने वाले जिला पंचायत पर सभी की निगाहें लगी रहती हैं। कई बार इसके लिए सियासी रसूख दिखाने की नौबत भी आ जाती है। अपने-अपने हिसाब से जिला पंचायत में सिक्का चलाने की कोशिश पिछले वर्षों में विभिन्न राजनीतिक शख्सियतों ने की। हालांकि इससे ज्यादा असर नहीं पड़ा। भदोही विधायक के जांच कराने की मांग उठाने के बाद जिले के सियासी गलियारे में एक बार फिर हलचल मचने के आसार बनने लगे हैं। हालांकि असली तस्वीर आने वाला समय साफ करेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें