भदोही कोतवाली के घसकरी गांव निवासी कमलाकांत दुबे (70) की बुधवार की देर रात कार से कुचलकर हत्या कर दी गई। इस घटना को गांव के प्रधान मनीष यादव के भतीजे सुजीत ने अंजाम दिया। कमलाकांत दुकान बंद कर रहे थे। इस बीच सुजीत ने अपना वाहन उनकी दुकान की ओर घुमाते हुए उन्हें शटर व वाहन के बीच दबा दिया। बुधवार को ही प्रधान का वित्तीय अधिकार सीज होने के साथ सुजीत के पिता मेहीलाल को पुलिस ने 151 में गिरफ्तार किया था। कमलाकांत दुबे ने प्रधान के भ्रष्टाचार और उनके बड़े भाई पर धमकी देने का आरोप लगाया था।
क्या है पूरा मामला
भदोही कोतवाली के घसकरी गांव निवासी कमलाकांत दुबे गांव में ही क्लिनिक चलाते थे। वे गांव में प्रधान मनीष यादव के द्वारा किए गए भ्रष्टाचार को लेकर जिलाधिकारी से शिकायत की थी। मामले में जांच के बाद भ्रष्टाचार की शिकायत सही मिली। बुधवार को जिला मजिस्ट्रेट ने प्रधान के वित्तीय अधिकार को सीज कर दिया। वहीं कमलाकांत की शिकायत पर ही पुलिस ने प्रधान के बड़े भाई मेहीलाल को बुधवार को ही 151 में चालान कर गिरफ्तार किया।
बताया जा रहा है कि एक ही दिन दो कार्रवाई होने से प्रधान का भतीजा सुजीत आक्रोश से भरा हुआ था। बुधवार की रात कमलाकांत अपनी क्लिनिक बंद कर रहे थे। वे शटर गिराने के बाद जैसे ही ताला लगाने के लिए झुके, इस बीच प्रधान का भतीजा सुजीत अपनी वाहन से उन्हें शटर व वाहन के बीच कुचलकर कार बैक कर भाग गया। इसमें वे गंभीर रूप से घायल हो गए।
आनन- फानन कमलाकांत को अस्पताल ले जाया जा रहा था। इस बीच रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। इधर घटना की जानकारी होते ही हड़कंप मच गया। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। साथ ही पुलिस ने प्रधान को हिरासत में ले लिया।
पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक ने बताया कि मृतक ने प्रधान व उनके भाई के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। जिसमें प्रधान द्वारा गांव में की गई वित्तीय गड़बड़ी और उसके बड़े भाई द्वारा दी जा रही धमकी की शिकायत की थी। प्रधान का भाई 151 में गिरफ्तार किया गया था। जिसके बाद प्रधान के भतीजे ने वाहन से दबाकर कमलाकांत की हत्या कर दी। पुलिस प्रधान व जेल में बंद उसके भाई से पूछताछ कर रही है।