जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी पर सपा के कब्जे पर सोमवार को अधिकृत मुहर
लग गई। सपा प्रत्याशी काजल यादव निर्विरोध जिला पंचायत अध्यक्ष चुन ली गईं।
औपचारिक कार्रवाई के बाद जिला निर्वाचन अधिकारी ने कलेक्ट्रेट में उन्हें
प्रमाण पत्र सौंप दिया।
इस दौरान समर्थकों ने अध्यक्ष का माला पहनाकर
स्वागत किया। यह सपा जिला महासचिव रामजित राम की पत्नी हैं।जिला पंचायत
अध्यक्ष के लिए एकमात्र सपा की दावेदार काजल यादव के सिर पर जिला पंचायत
अध्यक्षी का ताज बिना किसी विघ्न-बाधा के सज गया।
चुनाव की अधिसूचना जारी
होने के बाद अध्यक्षी के लिए काजल के समर्थन में उठ रही सुगबुगाहटों को उस
समय पंख लग गया जब सपा के अलावा और किसी ने दावेदारी ही नहीं की।
सोमवार को
ज्ञानपुर विधायक विजय मिश्र, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष रामलली मिश्रा और
सपा जिलाध्यक्ष मो. आरिफ सिद्दीकी के नेतृत्व में समर्थकों के साथ काजल
यादव कलेक्ट्रेट पहुंचीं। नाम वापसी का समय पूरा होने के बाद शाम चार बजकर
22 मिनट पर जिला निर्वाचन अधिकारी प्रकाश बिंदु ने काजल यादव को प्रमाण
पत्र सौंपा।
डीएम कार्यालय से निकलते ही समर्थकों ने नव निर्वाचित जिला
पंचायत अध्यक्ष का माला पहनाकर स्वागत किया। इस मौके पर ज्ञानपुर विधायक
विजय मिश्र ने कहा कि यह प्रदेश सरकार के विकास की जीत है।
मालूम हो कि
बसपा की श्यामला सरोज के ढाई साल के कार्यकाल को छोड़ दें तो जनपद सृजन के
बाद लगातार दो दशक तक जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी पर सपा का ही कब्जा
रहा है। इस मौके पर सपा के जिला महासचिव राजितराम यादव, जिला पंचायत सदस्य
दिवाकर शुक्ला, प्रमोद कुमार, सोहन पाल, कई लोग रहे।