ज्ञानपुर। जिले में 28 अप्रैल से चार मई तक शुरू होने वाली इंटरमीडिएट की प्रायोगिक परीक्षा 75 केंद्रों पर होगी। बोर्ड परीक्षा के लिए बने 90 केंद्रों में 25 के पास विज्ञान की मान्यता नहीं है। ऐसे स्कूलों का केंद्र आसपास के ही विद्यालय को बनाया जाएगा। हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की बोर्ड परीक्षा 12 अप्रैल को समाप्त हुई। चुनाव और कोरोना के कारण प्रायोगिक परीक्षाएं नहीं हो सकी थीं। अब माध्यमिक शिक्षा परिषद की ओर से दूसरे चरण में 28 अप्रैल से चार मई तक प्रायोगिक परीक्षा कराने का निर्णय लिया गया है। जिला विद्यालय निरीक्षक एनएल गुप्ता ने बताया कि बोर्ड परीक्षा बने 90 केंद्रों में 25 के पास विज्ञान वर्ग की मान्यता नहीं है। जिससे 75 केंद्रों पर ही प्रायोगिक परीक्षा कराई जाएगी। कला वर्ग की मान्यता वाले स्कूलों के छात्र-छात्राओं की सूची मांगी गई है। उसी के आधार पर ही आसपास के ही केंद्र पर प्रैक्टिकल होगा। उन्होंने कहा कि सभी केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में परीक्षा होगी साथ ही पर्यवेक्षक लगाए जाएंगे। वहीं दूसरी ओर बृहस्पतिवार को डीआईओएस कार्यालय में प्रायोगिक परीक्षा की तैयारी को लेकर गहमागहमी रही। जिन स्कूलों को विज्ञान वर्ग की मान्यता नहीं है वह छात्र-छात्राओं की संख्या की सूची कार्यालय में जमा करने के लिए पहुंचे।