भदोही। कालीन निर्यात संवर्धन परिषद (सीईपीसी) ने भारत-ब्रिटेन मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) का स्वागत किया है। नए समझौते के तहत अब ब्रिटेन को निर्यात की जाने वाली कालीनें आयात शुल्क से मुक्त होंगी।
अब तक ब्रिटेन में भारतीय कालीनों पर 8 फीसदी आयात शुल्क लगता था। परिषद ने कहा है कि यह समझौता दोनों देशों के बीच एक नए अध्याय की शुरुआत करेगा।
ब्रिटेन दौरे पर गए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टारमर ने बृहस्पतिवार को समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं।
नए एफटीए के तहत भारतीय कालीन ब्रिटेन में शुल्क मुक्त होगी। परिषद के चेयरमैन केआर वाटल ने बृहस्पतिवार को इसकी जानकारी दी है। बताया कि प्रधानमंत्री का यह कदम हस्तनिर्मित कालीन क्षेत्र के लिए राहत देने वाला है।