ज्ञानपुर। न्यायालय अपर सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक प्रथम की अदालत ने दहेज हत्या में दोषी पति को 10 साल कारावास की सजा सुनाई। तीन साल पूर्व भदोही के सेवापुर गांव में हुई घटना पर कोर्ट ने निर्णय सुनाया। अभियोजन पक्ष के अनुसार मुरलीधर निवासी नेवादा ने तहरीर देकर आरोप लगाया था कि आठ जून 2013 को अपनी बेटी गुड्डी देवी की शादी सेवापुर भदोही निवासी हंसराज पुत्र लालजी के साथ किया। एक लाख दहेज के लिए उसकी बेटी को लगातार प्रताड़ित किया जाने लगा। चार जून 2018 को 25 हजार नकद देकर सभी से हाथ जोड़कर विनती किया कि अब उसके पास पैसे नहीं है। छह जून 2018 को हंसराज ने फोन किया कि उसकी बेटी की तबीयत खराब है। रिश्तेदार संग जब हंसराज के घर पहुंचा तो उसकी बेटी का शव दरवाजे पर रखा मिला। मामले में पुलिस ने हंसराज के खिलाफ दहेज हत्या सहित कई धाराओं में मुकदमा दर्ज किया और आरोपपत्र न्यायालय में भेजा। दोनो पक्ष की बहस-पैरवी सुनने के बाद न्यायाधीश रामकरन यादव ने दोषी पति हंसराज को 10 साल कारावास की सजा सुनाई। अभियोजन पक्ष से पैरवी सहायक शासकीय अधिवक्ता प्रवेश तिवारी ने किया।