ज्ञानपुर। राष्ट्रीय हरित अधिकरण के सदस्य व प्रधान न्यायपीठ, नई दिल्ली न्यायमूर्ति डॉ. अफरोज अहमद की अध्यक्षता में बृहस्पतिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में पर्यावरण संरक्षण, जल संरक्षण, अपशिष्ट प्रबंधन व हरित विकास से संबंधित कार्यों की समीक्षा बैठक की गई। जिसमें न्यायमूर्ति ने भूजल के गुणवत्ता के नियमित जांच कराने और अधिकारियों को गांव व शहरों को प्लास्टिक मुक्त बनाने का निर्देश दिया।
न्यायमूर्ति डॉ. अफरोज अहमद ने सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) से निकले जल का उपयोग पार्कों, उद्यानों एवं कृषि कार्यों में सिंचाई के लिए करने का निर्देश दिया। कहा कि भूजल स्तर को बनाए रखना समय की आवश्यकता है। औद्योगिक क्षेत्रों में भूजल की गुणवत्ता की नियमित जांच कराई जाए। उन्होंने समय-समय पर पानी के नमूनों की जांच कराने के निर्देश दिए। वहीं जिलाधिकारी के प्रयासों से संचालित समधा ताल पुनर्जीवन एवं संरक्षण कार्ययोजना की प्रशंसा की। मौके पर जिलाधिकारी शैलेश कुमार, एसपी अभिनव त्यागी, सीडीओ बाल गोविंद शुक्ल, एडीएम वित्त एवं राजस्व शुभांगी शुक्ला, सीएमओ डाॅ. संतोष कुमार चक, डीएफओ विवेक यादव, जिला परियोजना अधिकारी सपना अवस्थी आदि रहे।
कलेक्ट्रेट में किया पौधरोपण
सदस्य राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) प्रधान न्यायपीठ नई दिल्ली, न्यायमूर्ति डॉ. अफरोज अहमद ने बृहस्पतिवार को कलेक्ट्रेट परिसर में पौधरोपण किया।