कोइरौना थाना क्षेत्र के भभौरी गांव में रविवार दोपहर लगी आग लगने से लाखों रुपए का नुकसान हो गया। आग लगने से 16 रिहायशी मड़हे, दो बछिया और एक कार जल गई। वहीं आग बुझाने के प्रयास में दो लोग झुलस गए। इसके अलावा चार पेड़ भी जल गए। एक गाय गंभीर अवस्था में पड़ी है।
रविवार दोपहर करीब 12.20 बजे बिजली के शार्ट सर्किट से दिनेश पांडेय के रिहायशी मड़हे में आग लग गई। तेज हवाओं के बीच आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। आग इतनी भीषण थी कि दिनेश के घर के बाहर खड़ी उनके रिश्तेदार की नियो स्पोर्ट कार को चपेट में ले लिया। जिससे नई कार पूरी तरह जल कर नष्ट हो गयी।
आग की चपेट में एक के बाद एक सोलह मड़हे आ गए। जिससे उसमें रखा घरेलू सामान, कपड़ा, बिस्तर, चार लकड़ी के तखत, सबमर्सिबल पंप, खाद्यान्न आदि सभी घरेलू सामान जल गए। आग के तबाही से एक कुनबे के दिनेश शंकर पांडेय, फूलचंद पांडेय, मुनीम शंकर पांडेय, गणेश शंकर, अतर नारायण पांडेय, शैलदेवी पांडेय, ननकू पांडेय, रामअजुग उर्फ झुग्गी पांडेय आदि के 16 रिहायशी मड़हे जल कर राख हो गए।
एक मड़हे में बंधी एक गाय और दो बछिया भी आग की चपेट में आ गई। तीनों बेजुबानों को जब तक ग्रामीण बाहर निकालते, तब तक दोनों बछिया की दर्दनाक मौत हो चुकी थी। वहीं आग से बुरी तरह जली गाय जीवन और मौत से संघर्ष कर रही है।
आग को बुझाने के चक्कर में झूलसे रिश्तेदार
आग लगने के बाद दिनेश पांडेय की मां शैलदेवी और उनके घर आए मिर्जापुर के जिगना के बरईपार निवासी रिश्तेदार श्रीशंकर पांडेय उसे बुझाने में झुलस गए। उनकी नियो स्पोर्ट्स कर पूरी तरह जल कर नष्ट हो गयी। अग्निकांड में तीन आम के पेड़ और एक नीम के पेड़ भी जल गए।
ग्रामीणों ने अथक प्रयास से आग पर काबू पाया। सूचना पर पहुंची अग्निशमन और लोगों की मदद से पेडों की आग को बुझाई गयी। सूचना पर कानूनगो इंदू प्रकाश तिवारी और लेखपाल सुरेश सिंह मौके पर पहुंचे। बृजेश पांडेय बऊ पांडेय आदि ने जिलाधिकारी से अग्निकांड पीड़ितों को मुआवजा की मांग की है।