जिले में मौसम में बदलाव का असर दिख रहा है। बढ़ती सर्दी के बीच मवेशियों का विशेष ध्यान रखे जाने की जरूरत है। पशु विशेषज्ञों के अनुसार पशुपालकों को इस मौसम में सतर्कता बरतनी चाहिए। थोड़ी सी भी लापरवाही से पशु बीमार पड़ सकते हैं। जिले में करीब 1.25 लाख मवेशियों की संख्या है।
सीवीओ डॉ. डीपी सिंह ने बताया कि इस तरह के मौसम में देखभाल में लापरवाही बरतने पर मवेशी बीमार पड़ सकते हैं। बीमार होने से पशुओं में कमजोरी आ सकती है। इससे पशुओं की मौत भी हो सकती है। बीमार होने से उनमें दुग्ध उत्पादन की क्षमता कम हो सकती है। पशुपालकों को चाहिए कि मवेशियों की ठंड से सुरक्षा को लेकर समुचित उपाय करें। गर्म पानी पिलाएं, पौष्टिक आहर दें। छायादार स्थान पर बांधे, धूप होने के बाद बाहर निकालें। बताया ठंड लगने से पशुओं के शरीर का तापमान कम हो जाता है। उन्हें छूने से उनका शरीर ठंडा लगता है। मवेशी सुस्त हो जाते हैं, सांस लेने में दिक्कत होती है। नाक से पानी बहने लगता है।