सुरियावां। बीडीओ कार्यालय सुरियावां में तैनात कंप्यूटर आपरेटर के खिलाफ शनिवार को बीडीओ ऊषा पाल ने गबन, जालसाजी की धारा में मुकदमा पंजीकृत कराया। डीएम के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई। मुकदमा दर्ज होने से ब्लॉक कार्यालय के कर्मचारियों में खलबली मच गई।
सुरियावां ब्लॉक कार्यालय में तैनात कंप्यूटर आपरेटर के खिलाफ करीब आठ माह पूर्व मनरेगा के पैसे में गड़बड़ी का आरोप लगाया गया था। तत्कालीन मुख्य विकास अधिकारी आरपी मिश्र ने मामले की विभागीय स्तर से जांच कराई। जांच में यह पाया गया कि कंप्यूटर आपरेटर ने 17 सितंबर 2014 से 19 अप्रैल 2016 के बीच मनरेगा में काम करने वाले मजदूरों का 84 हजार 125 रुपए अपने निजी खाता संख्या 303602010413765 यूनियन बैंक औराई में ट्रांसफर किया गया। जांच रिपोर्ट आने के बाद सीडीओ ने उसे बर्खास्त कर दिया। जिलाधिकारी सुरेश कुमार सिंह की संस्तुति पर उक्त आपरेटर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने का निर्देश दिया गया। शुक्रवार की रात में बीडीओ सुरियावां ऊषा पाल की तहरीर पर पुलिस ने आईपीसी की धारा 419, 420, 467, 468 और 471 के तहत मुकदमा पंजीकृत किया।