मिर्जापुर एंटी करप्शन की टीम ने मंगलवार को दोपहर भदोही तहसील के कारपेट सिटी क्षेत्र में तैनात एक लेखपाल को रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। आरोपी लेखपाल को पुलिस औराई थाने ले गई। वहां मुकदमा दर्ज कर लिया गया। आरोपी लेखपाल शैलेश यादव जमीन पैमाइश के नाम से एक व्यक्ति से 10 हजार रुपये रिश्वत की मांग की थी।
भदोही के डुड़वा कुकरौठी निवासी दुर्गाशंकर यादव पुत्र कमलाशंकर यादव ने एंटी करप्शन टीम से शिकायत की थी कि विपक्षी के साथ उनका जमीन का विवाद है। इसकी जमीन की पैमाइश के लिए लेखपाल के पास चक्कर लगा रहे थे। आरोप लगाया कि इसके लिए लेखपाल शैलेश यादव उनसे जमीन पैमाइश के नाम पर 10 हजार रुपये की मांग कर रहे हैं। इसके बाद एंटी करप्शन मिर्जापुर प्रभारी विनय सिंह के नेतृत्व में टीम ने लेखपाल को पकड़ने की रणनीति बनाई। योजना के तहत मंगलवार की दोपहर शिकायकर्ता को केमिकल लगे नोटों के साथ लेखपाल के पास भेजा गया। भदोही तहसील के पास रिंग मार्केट के समीप जैसे ही आरोपी लेखपाल ने वह पैसे लिए उसके हाथ नोट पर लगे केमिकल से लाल हो गए। इसके बाद एंटी करप्शन की टीम ने दबिश देते हुए प्रयागराज के सहसो निवासी लेखपाल शैलेश यादव को धर दबोचा। टीम उसे लेकर औराई कोतवाली पहुंची। जहां लेखपाल के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया गया। एंटी करप्शन टीम मिर्जापुर के प्रभारी विनय सिंह ने बताया कि शिकायत के बाद आरोपी लेखपाल को पकड़ने की योजना बनाई गई। भदोही रिंग मार्केट के पास से लेखपाल को 10 हजार रुपये रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया गया। टीम में प्रभारी निरीक्षक अनिल कुमार चौरसिया, एंटी करप्शन टीम प्रभारी विनय सिंह, निरीक्षक अशोक सिंह समेत अन्य रहे। घूसखोर लेखपाल की गिरफ्तारी के बाद औराई तहसील में गहमागहमी का माहौल रहा।