ज्ञानपुर। जिले के 20 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर भी बायोमैट्रिक अटेंडेंस मशीनें लगाई जाएंगे। इससे डॉक्टरों और कर्मचारियों की लेटलतीफी पर अंकुश लगेगा। स्वास्थ्य विभाग इसकी कवायद में जुट गया है। अगस्त से यह व्यवस्था शुरू हो जाएगी।
जिले में तीन राजकीय जिला अस्पताल, छह सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सहित 20 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र हैं। जिला अस्पताल और सीएचसी में यह व्यवस्था पहले से ही है, लेकिन पीएचसी में अभी रजिस्टर पर ही हाजिरी लगाई जाती है। ऐसे में इन केंद्रों पर डॉक्टर और कर्मचारी समय से नहीं पहुंचते। कोई वाराणसी तो कोई प्रयागराज से ड्यूटी करने आता है।
इसको लेकर शिकायतें भी मिलती रहती हैं। अधिकारियों के निरीक्षण में भी कई बार ऐसी मनमानी पकड़ी जा चुकी है। इसलिए सभी पीएचसी पर भी बायोमैट्रिक अटेंडेंस मशीन लगाई जाएगी। चकटोडर, हरिहरपुर, लालानगर, डेरवा, जयरामपुर, मानिकपुर, गिर्दबड़गांव सहित 20 पीएचसी पर रोज 1000 से 1200 मरीजों की ओपीडी होती है। बायोमेट्रिक मशीन लगने के बाद डॉक्टरों की उपस्थिति ऑनलाइन दर्ज होगी। इसके आधार पर ही वेतन मिलेगा। इससे अस्पताल देरी से आने वाले और समय से पहले चले जाने वाले स्वास्थ्यकर्मियों की मनमानी पर रोक लग सकेगी।
वर्जन:
पीएचसी पर लोगों को बेहतर सुविधाओं का लाभ लोगों को मिल रहा है। कुछ अस्पतालों में लेटलतीफी की शिकायतें मिलती हैं। इसलिए बायोमेट्रिक अटेंडेंस की व्यवस्था की जा रही है। अगस्त में सभी पीएचसी पर मशीनें लगाने का काम शुरू किया जाएगा। - डॉ. एसके चक, सीएमओ भदोही