भदोही जिले में बहू को करंट देकर मारने वाली सास की जमानत अर्जी खारिज की गई है। कोर्ट ने कहा है कि यह घटना अत्यंत गंभीर है और जमानक के लिए पर्याप्त सबूत भी नहीं है।
अपर सत्र न्यायाधीश शैलोज चन्द्रा की अदालत ने बुधवार को बहू को करंट देकर मारने वाली सास की जमानत अर्जी खारिज कर दी। कोर्ट ने सख्त लहजे में कहा कि बहू को करंट देकर मारने की घटना अत्यंत गंभीर है। अभियुक्ता द्वारा किए गए कथित अपराध में उसे जमानत देने के पर्याप्त साक्ष्य भी नहीं है। ऐसे में इनकी जमानत अर्जी खारिज की जाती है।
विज्ञापन
यह है पूरा मामला
ज्ञानपुर कोतवाली क्षेत्र के नारायण कालोनी में बीते सात मई को कांसटेबल रत्नेश कुमार की पत्नी प्रियंका चौधरी का कमरे में फंदे से लटकता शव मिला। संदिग्ध मौत को लेकर मायके वालों ने हत्या का आरोप लगाया। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया तो विवाहिता की करंट लगने से मौत की पुष्टि हुई। जिसके बाद पुलिस ने कांस्टेबल रत्नेश, उसकी मां पानदेवी उर्फ पानमति और बहन अंशू को गिरफ्तार किया।
इस मामले में विवाहिता की ननद और सास ने अपर सत्र न्यायाधीश की अदालत में जमानत अर्जी दी थी। जिसमें ननद की जमानत अर्जी पहले ही खारिज की जा चुकी थी। बुधवार को कोर्ट ने सास पानदेवी उर्फ पानमति की जमानत अर्जी भी खारिज कर दी। अभियोजन पक्ष की पैरवी शासकीय अधिवक्ता विकास नारायण सिंह ने की।