ज्ञानपुर। जिला एवं सत्र न्यायालय ने गत दिनों गोपीगंज में नमाज के बाद देवबंदी और बरेलवी मसलक के बीच बवाल के एक आरोपी की जमानत याचिका शनिवार को निरस्त कर दी।
11 जून को रात करीब 11 बजे देवबंदी और बरेलियों के बीच धार्मिक टीका-टिप्पणी को लेकर जमकर मारपीट हुई थी। लाठी, रॉड और असलहे भी प्रयोग किए गए थे। घर में घुसकर महिलाओं से मारपीट और अभद्रता की गई थी। इस मामले में दोनों पक्षों की ओर से एफआईआर दर्ज कराई गई थी। इस मामले में धारा 147, 148, 149, 504, 506, 452, 427, 354, 326, 323, 153ए आईपीसी और 7सीएलए आईपीसी के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। शनिवार को आरोपी इस्माइल की जमानत याचिका को जिला जज कमल किशोर शर्मा ने खारिज करते हुए माना कि कानून-व्यवस्था को भंग करना गंभीर मामला है। इसकी इजाजत किसी को नहीं दी जा सकती। इसमें जमानत प्रदान नहीें की जा सकती।