शुक्रवार को कलेक्ट्रेट पर बैठक कर सचिव की वार्ता पर मंथन किया गया। अभ्यर्थियों ने कहा कि अपने अधिवक्ता से सुझाव के बाद न्यायालय से मुकदमा वापस लेंगे। इस दौरान अभ्यर्थियों ने प्रदेश सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर विरोध भी जताया।
शुक्रवार को कलेक्ट्रेट पर सफाई करने के लिए 238वें दिन पहुंचे अभ्यथियों ने दोपहर 12 बजे तक साफ-सफाई की। उसके बाद बैठक कर सचिव से हुई वार्ता पर मंथन किया।
अभ्यर्थियों ने कहा कि वह सचिव की बात को मान लेंगे, लेकिन हमेशा विश्वास होना चाहिए कि राज्य सरकार पांच नवंबर 2008 के शासनादेश का पालन करेगी।
अभ्यर्थियों ने कहा कि वह अपने अधिवक्ता से विचार करने के बाद भी इस मामले में आगे कोई निर्णय लेंगे। कहा कि राज्य सरकार पहले ही न्यायालय के आदेश की अवहेलना कर चुकी है ऐसे में सोच समझकर निर्णय लिया जाएगा।
नाराज अभ्यर्थियों ने नियुक्ति न होने पर प्रदेश सरकार केखिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। इस मौके पर हरिश्चंद्र बिंद, बसंतलाल मौर्य, अरूण कुमार यादव, प्रेमशंकर पटेल, कमलाशंकर पांडेय, दिनेश, राकेश पाल, तेज बहादुर सहित कई अभ्यर्थी मौजूद रहे।