ज्ञानपुर। जिलाधिकारी राजेंद्र प्रसाद की अध्यक्षता में शुक्रवार को कर-करेत्तर वसूली की बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में हुई। इसमें खराब वसूली वाले विभागों के अफसरों पर डीएम नाराज हो गए। अगले महीने में वसूली शत प्रतिशत करने की हिदायत दी। चेतावनी दिया कि वसूली में सुधार न होने पर शासन को पत्र लिखा जाएगा।
जिलाधिकारी ने सभी ईओ को निर्देश दिया कि हाउस टैक्स, वाटर टैक्स की वसूली में सुधार लाएं। वाणिज्य कर अधिकारी से कहा कि अधिक से अधिक व्यापारियो का पंजीकरण करे। आबकारी अधिकारी से कहा कि शराब के अवैध गोदामों पर छापेमारी करें और वसूली बढ़ाएं। कम वसूली होने पर प्रभागीय वनाधिकारी को निर्देश दिया कि अवैध पेड़ कटान के लिए प्रवर्तन टीम लगाएं। अवैध कनेक्शन धारकों के खिलाफ कार्रवाई के लिए बिजली विभाग के अभियंता से कहा। मंडी समिति की समीक्षा अब तक की सबसे खराब रही। सुधार के साथ शत प्रतिशत वसूली के लिए कहा। उन्होंने सिचाईं, नलकूप, वाटमाप, मंडी समिति, लोक निर्माण आदि विभागों के आदि के अधिकारियों को हिदायद दी कि वसूली कार्य में प्रगति लाएं अन्यथा कार्रवाई के लिए तैयार रहें। एआरटीओ को निर्देश दिया कि डग्गामार वाहनों पर कार्रवाई की जाए। इस मौके पर एडीएम राम सिंह वर्मा, एसडीएम ज्ञानपुर कविता मीणा आदि रहीं।
अभियोजन अधिकारी पर भड़के डीएम
ज्ञानपुर। नाबालिग लड़कियों की दुराचार की घटनाओं के रोकथाम को लेकर डीएम राजेंद्र प्रसाद की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में बैठक हुई। जिसमें संयुक्त निदेशक अभियोजन ने बताया कि गंभीर अपराधों धारा 302 और 304 में चार को रिहा किया गया। जिस पर डीएम ने नाराज हो गए। कहा कि फर्जी तरीके से किसी को रिहा न किया जाए। हर महीने के दूसरे बृहस्पतिवार को सभी थानों, चौकी में गठित कमेटी की बैठक कराएं। जिसमें शिक्षिका, आंगनवाड़ी, आशाओं को बुलाया जाए।