हादसे से नाराज ग्रामीणों ने अधेड़ का शव जीटी रोड पर रखकर न सिर्फ जाम लगा दिया बल्कि कंटेनर में आग भी लगा दी। यही नहीं, गोपीगंज, औराई, ज्ञानपुर और ऊंज थाने की पुलिस और पीएसी जब मौके पर पहुंची तो ग्रामीणों ने पथराव कर दिया। इस दौरान 12 ग्रामीण और गोपीगंज चौकी इंचार्ज समेत छह पुलिसकर्मी घायल हो गए। स्थिति नियंत्रण में करने के लिए पुलिस को भी हल्का बल प्रयोग करना पड़ा। बाद में पुलिस अधीक्षक ने ग्रामीणों को समझाकर शांत कराया। इस दौरान करीब दो घंटे तक वाहनों की आवाजाही ठप रही।
चंद्रपुरा कोइलरा निवासी कमला शंकर बिंद (54) अरुणांचल प्रदेश के कोंबो स्थित सरकारी सेकेंडरी स्कूल में प्रधानाध्यापक थे। उनके लड़के अजय की 30 मई को शादी थी। इसमें शामिल होने के लिए परिवार के सभी लोग घर आए थे। रविवार को कमला शंकर रेल टिकट का रिजर्वेशन कराने लालानगर टोल प्लाजा के उत्तर लेन स्थित साइबर कैफे पर जा रहे थे। जिस समय वह बाइक से दक्षिण से उत्तर लेन की ओर बढ़े उसी समय इलाहाबाद से वाराणसी जा रहे कंटेनर से उनकी बाइक टकरा गई। हादसे के बाद बाइक करीब पांच सौ मीटर तक कंटेनर में फंसकर घिसटती चली गई। कमला शंकर की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। कुछ ही देर में मौके पर काफी संख्या में ग्रामीण एकत्र हो गए। उन्होंने जीटी रोड पर शव रखकर जाम ही नहीं लगाया बल्कि कंटेनर में आग भी लगा दी।
उधर, जब प्रशासन को खबर लगी तो गोपीगंज, औराई, ज्ञानपुर और ऊंज थाने की पुलिस व पीएसी मौके पर पहुंच गई, मगर नाराज ग्रामीणों ने पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया। माहौल बिगड़ता देख पुलिस को भी हल्का बल का प्रयोग करना पड़ा। करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद जाम समाप्त हुआ, तब जाकर पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पथराव और बल प्रयोग में ग्रामीण पंकज कुमार बिंद, दीनानाथ बिंद, मनोज बिंद, अरुण कुमार, अजय कुमार, सावित्री देवी, फूलमानी देवी, श्री देवी, चिंता देवी, गीलावती देवी और चौकी इंचार्ज गोपीगंज रंग बहादुर पांडेय सहित छह पुलिसकर्मी घायल हो गए। सूचना पर पहुंची दमकल ने कंटेनर में लगी आग बुझाई। पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार राय, सीओ ज्ञानपुर श्याम शंकर पांडेय और एसडीएम उमाकांत त्रिपाठी भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने ग्रामीणों को शांत कराया। मृतक की पत्नी सावित्री देवी की तहरीर पर पुलिस ने चालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।