ज्ञानपुर। आठ फ़रवरी से शुरू हो रही यूपी बोर्ड की 12वीं और 10वीं की परीक्षाओं को पारदर्शी बनाने के लिए प्रशासन से लेकर शिक्षा महकमा हर तरीका अपना रहा है। अब परीक्षा केंद्रों पर केंद्र व्यवस्थापक और कक्ष निरीक्षक भी स्मार्ट फोन नहीं रख सकेंगे। इसके लिए विभाग की तरफ से पत्र जारी कर निर्देशित किया गया है।
आठ फ़रवरी से शुरू हो रही बोर्ड परीक्षा के लिए जिले में 96 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इसमें हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के 62 हजार परीक्षार्थी शामिल होंगे। शांतिपूर्ण और पारदर्शी परीक्षा करने के लिए पहले से ही जिले को तीन जोन और 14 सेक्टरों में बांटा गया है। वित्तविहीन केंद्रों पर जहां अतिरिक्त केंद्र व्यवस्थापक लगाए गए हैं, वहीं प्रतिदिन स्टेटिक मजिस्ट्रेट भी तैनात रहेंगे। 2902 कक्ष निरीक्षकों को परीक्षा संपन्न कराने के लिए लगाया गया है। सोशल मीडिया के माध्यम से पारदर्शिता भंग न हो, इसके लिए परीक्षा के दौरान केंद्र व्यवस्थापक और कक्ष निरीक्षक स्मार्ट फ़ोन लेकर परीक्षा केंद्र में नहीं रहेंगे। की-पैडमोबाइल से ही विभागीय काम करेंगे। इसी तरह प्रवेश पत्र के साथ सभी परीक्षार्थियो को आधार कार्ड लाना अनिवार्य किया गया है। इससे परीक्षा में कोई दूसरा व्यक्ति परीक्षा देगा तो पकड़ा जाएगा। जिला विद्यालय निरीक्षक अशोक कुमार चौरसिया ने बताया कि परीक्षा को पारदर्शी बनाने के लिए यह व्यवस्था की गई है। केंद्र व्यवस्थापक अगर लापरवाही करेंगे तो कार्रवाई की जाएगी।