ज्ञानपुर। सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) के तहत जिले में राशन वितरण में गड़बड़ी रोकने के लिए स्थानीय स्तर पर सतर्कता समितियों का गठन किया जाएगा। इसके लिए जिले में प्रत्येक कोटेा की दूकान स्तर पर सतर्कता समितियों का गठन करने की कवायद शुरू कर दी गई है। जिले में कुल 710 सतर्कता समितियां बनेंगी, जो कि पीडीएस को पारदर्शी बनाने के लिए वितरण व्यवस्था पर कड़ी नजर रखेगी। ताकि उचित दर दूकानदार गरीबों के हक का राशन हजम न कर सकें।
भ्रष्ट दूकानदारों के खिलाफ लगातार मिलतीं शिकायतों के मद्देनजर विभाग ने राशन वितरण की निगरानी कड़ी करने की तैयारी शुरू कर दी है। इसके लिए कोटे की दूकान स्तर पर सतर्कता समिति का गठन किया जा रहा है। खास बात यह कि सतर्कता समितियों का गठन गांव में कोटे की दूकान के अलावा ब्लॉक और जिला स्तर पर भी किया जाएगा। गांव की समिति में नौ और ब्लॉक स्तर की सतर्कता समिति में 11 सदस्य रहेंगे।
कोटेदार गरीबों के हक का अनाज हजम न कर जाएं, इसके लिए पर्यवेक्षणीय अधिकारियों की तैनाती की गई, लेकिन दूकानदार उन्हें भी प्रभाव में लेकर पीडीएस अनाज को बेचने से बाज नहीं आते हैं। ऐसे में प्रदेश शासन ने राज्य स्तर, जिला स्तर, ब्लॉक एवं उचित दर दूकान स्तर पर सतर्कता समिति बनाकर राशन वितरण पर नजर रखने का निर्देश दिया था। इसके मद्देनजर जिले में सतर्कता समितियों के गठन की कवायद तेज कर दी गई है। जिले में कुल 710 सतर्कता समितियां बनाई जाएंगी। समितियों का गठन शुरू कर दिया गया है। पूर्ति निरीक्षकों ने उचित दूकानदारों की बैठक कर सतर्कता समितियों के गठन की जानकारी देनी शुरू कर दी है। साथ ही समिति के गठन की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। राशन वितरण पर निगरानी के लिए बनाई जा रहीं सतर्कता समितियों में 703 समितियां उचित दर दूकान स्तर पर एवं छह ब्लॉक और एक समिति जिला स्तर पर बनाई जाएगी।
ये होंगे समिति सदस्य
गांव में कोटे की दूकान के लिए गठित होने वाली सतर्कता समिति में ग्राम प्रधान या सभासद अध्यक्ष होगा। इसके अलावा ग्राम पंचायत अधिकारी संयोजक, ग्रामसभा के प्रशासनिक समिति का वरिष्ठ सदस्य, शिक्षा विभाग से नामित प्राइमरी विद्यालय का प्रधानाचार्य, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सामाजिक स्वास्थ्य कार्यकर्ता और बीडीओ से नामित ग्रामसभा के तीन सदस्य शामिल होंगे। ब्लॉक स्तर की सतर्कता समिति में परगना मजिस्ट्रेट अध्यक्ष, क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी संयोजक और सदस्यों में ब्लॉक प्रमुख, खंड विकास अधिकारी, एसडीएम से नामित एक अधिकारी, विपणन अधिकारी, खंड शिक्षा अधिकारी, सीडीपीओ, सीएचसी का चिकित्साधिकारी और डीएम से नामित दो सदस्य समिति में शामिल होंगे।