जंगीगंज। कठिन परिस्थितियों से जूझते हुए गोधना के विशाल यादव ने मेहनत और संघर्ष से जो मुकाम हासिल किया है, वह लोगों के लिए प्रेरणा का स्रोत बन गया है। राष्ट्रीय स्तर तक पहचान बनाने के बाद टेनिस के लिए खुद अनफिट हुए तो खिलाड़ियों की नर्सरी तैयार करने में जुट गए। आज उनके सानिध्य में 15 से अधिक खिलाड़ी राष्ट्रीय, अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर सिल्वर और गोल्ड मेडल जीतकर नाम रोशन कर रहे हैं।
डीघ के दौड़ियाही गोधना गांव निवासी साधारण किसान अमरनाथ यादव के बेटे विशाल यादव ने तमाम अभावों से जूझते हुए कभी खुद को राष्ट्रीय स्तर के टेनिस खिलाड़ी के रूप में पहचान बनाई, लेकिन दुर्भाग्यवश लिगामेंट प्रॉब्लम के कारण खुद खेलने के लिए अनफिट हो गए। इसके बाद भी वह निराश नहीं हुए और बुलंद हौसले के बल पर उन्होंने खेल में ही अपने आपको फिटनेस एक्सपर्ट के रूप में प्रतिष्ठापित किया। खुद की प्रतिभा और योग्यता को दूसरे खिलाड़ियों को प्रशिक्षित करते हुए अपनी अलग पहचान बना ली।
वर्तमान में गुड़गांव इंटर नेशनल टेनिस एकेडमी हरियाणा और ब्लिश टेनिस एकेडमी जैसे प्रतिष्ठित संस्थाओं में टेनिस फिटनेस एक्सपर्ट के रूप में सफल कॅरियर के मालिक बन गए हैं। इनसे प्रशिक्षण लेने वालों में आल इंडिया टेनिस एसोसिएसन केसीएस-7 के चैंपियन राघव पुनिया, नियति कुकरेती, अंडर-12 के एशियाड, एशिया नंबर वन श्रुति अहलावत अंडर 14 और अंडर 16 के चैंपियन पदक विजेताओं की लंबी फेहरिस्त है। इनकी प्रतिभा को निखारने में टेनिस ट्रेनर के रूप में विशाल अहम भूमिका निभा रहे हैं। अमर उजाला से बातचीत में विशाल ने बताया कि जब उन्हें अनफिट किया गया तो भविष्य को लेकर निराशा हुई, हालांकि बाद में संभल गया। तय किया कि इस क्षेत्र में कुछ करके दिखाना है। आज जब मेरा कोई खिलाड़ी पदक लाता है तो फिटनेस ट्रेनर के रूप में खुद को पदक मिलने जैसी खुशी होती है।