इस बीच रविवार को जिले में निर्धारित लक्ष्य दो लाख 89 हजार पांच सौ 61 के सापेक्ष एक लाख 17 हजार एक सौ 66 अर्थात सिर्फ 40 फीसदी बच्चों को ही पोलियो का खुराक पिलाया जा सकी।
उधर, सीएमओ डा. उमाकांत ने भदोही स्थित एमबीएस अस्पताल का निरीक्षण किया। इस दौरान कर्मचारियों ने सीएमओ से अपना दुखड़ा भी रोया और परिसर में आवास की व्यवस्था कराने की मांग की।
न होने की शिकायत की। कहा कि आवास न होने से काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। सीएमओ ने आश्वासन दिया कि आवास की व्यवस्था के लिए शासन को पत्र लिखा जाएगा।
अभियान के शुभारंभ के दौरान जिलाधिकारी ने लोगों से आह्वान किया कि पांच वर्ष के सभी बच्चों को पोलियो की खुराक जरूर पिलाएं। जिससे उन्हें जिंदगी में कभी पोलियो का शिकार न होना पड़े। अभियान के पहले दिन स्वास्थ्य प्रशासन के निर्धारित लक्ष्य दो लाख 89 हजार पांच सौ 61 के सापेक्ष एक लाख 17 हजार एक सौ 66 बच्चों को पोलियो की खुराक पी। इस मौके पर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. उमाकांत, सीएमएस डॉ. आलोक शुक्ला, प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ.अंजनी श्रीवास्तव, रेड क्रास सोसाइटी के सचिव डॉ. सगीर हसन खां आदि रहे।