महाराजा चेतसिंह जिला चिकित्सालय में बुधवार को मानसिक स्वास्थ्य प्रकोष्ठ विभाग की तरफ से स्वास्थ्य जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। इसमें 36 मरीजों को उपचार किया गया। मनोचिकित्सक डॉ. अभिनव पांडेय ने मरीजों को बीमारी के लक्षण, कारण और बचाव के बारे में बताया। तनाव, चिंता और डिप्रेशन बीमारी के शुरूआती लक्षण है। इसके अलावा नींद न आना, घबराहट होना, अकेले रहना, बात-बात पर गुस्सा आना, किसी काम में मन न लगना आदि बीमारी के लक्षण है। शुरुआत में लोग इसे समझ नहीं पाते हैं। कुछ लोग बीमारी भी छुपाते हैं। जो आगे चल कर गंभीर समस्या बन जाती है। ऐसे लक्षण दिखने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए। उनके परामर्श पर दवाओं का सेवन भी करना चाहिए। मौके पर नैदानिक मनोवैज्ञानिक डॉ. अशोक परासर सहित अन्य मौजूद रहे। संवाद