भदोही। सूबे के निकायों में 15 नंवबर से 15 दिसंबर तक स्वच्छ वार्ड प्रतियोगिता चलाई गई है। स्वच्छता के आधार पर वार्डों के मूल्यांकन के बाद उन्हें सम्मान दिया जाएगा।
17 नवंबर को पालिका से स्वच्छता रैली निकाल कर लोगों को जागरूक भी किया था, लेकिन इसका खास असर दिखाई नहीं पड़ रहा है। दो दिन पहले मोहल्ला जमुंद से इरशाद सिद्दीकी ने अपने मोहल्ले की गंदगी की तस्वीरें जहां सोशल मीडिया पर वायरल की थी तो रविवार को पीरखांपुर वार्ड में सड़क पर कूड़ा आते जाते लोगों को मुंह चिढ़ाता फिर रहा है। दूसरे मोहल्लों घमहापुर, आलमपुर, नूरखांपुर, छेड़ीबीर, जल्लापुर नईबस्ती, कजियाना, काजीपुर की भी स्थिति कुछ ऐसी ही है। पालिका के प्रभारी सफाई निरीक्षक प्रदीप यादव ने बताया कि 15 दिसंबर को स्वच्छता माह समाप्त हो चुका है। 17 दिसंबर से तीन दिन तक स्वच्छता टीम सर्वेक्षण कर साफ सफाई की हकीकत देखेगी। पालिकाध्यक्ष अशोक कुमार जायसवाल ने कहा कि सुबह हर मोहल्ले में कूड़ा उठाने वाली गाड़ी जाती है। बार बार नागरिकों से अपेक्षा की गई है कि वे कूड़ा गाड़ी में अथवा सफाई कर्मियों के हांथ घर का कूड़ा निस्तारण करें। लेकिन कूड़ा वाहन जाने के बाद लोग कूड़ा सड़कों पर फेंकते हैं जिससे समस्या होती है।