ज्ञानपुर/भदोही। संपूर्ण समाधान दिवसों में लोगों के प्रार्थना पत्रों का त्वरित निस्तारण नहीं हो पा रहा है। मंगलवार को एक बार फिर 90 फीसदी से अधिक फरियादियों का निस्तारण लंबित रह गये। तीनों तहसीलों में आए 209 प्रार्थना पत्रों में 14 का निस्तारण हुआ, जबकि 195 लंबित रह गए।
भदोही तहसील सभागार में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी राजेंद्र प्रसाद ने कहा कि संपूर्ण समाधान दिवसों में दूर-दराज से आने वाले ग्रामीणों की फरियादों को अधिकारी गंभीरता से लें। शासन में ऐसे मामलों की नियमित समीक्षा होती है। अधिकारी यथा संभव समय सीमा के भीतर मामलों का निस्तारण करेें। लापरवाही सामने आने पर विभागीय अधिकारियों को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि समाधान दिवस समस्याओं के निस्तारण के लिए है। इसके सकारात्मक परिणाम के लिए विभागीय अधिकारियों को गंभीर होकर कार्य करना है। देखा जाता है कि अधिकरी मामलो का निस्तारण घर बैठे कर देते हैं, जिससे अपेक्षित परिणाम नहीं निकलते। इस आयोजन से सरकार का उद्देश्य पीड़ितों तक न्याय पहुंचाना है इस क्रम में डीएम ने राजस्व विभाग और पुलिस अधिकारियों से संयुक्त रूप से मौके पर जाकर स्थलीय जांच के बाद ही निस्तारण करने का निर्देश दिया।
उपजिलाधिकारी यमुनाधर चौहान ने बताया कि आज कुल 81 फरियादी आए जिनमें से 6 का निस्तारण मौके पर ही कर दिया गया। समाधान दिवस पर पुलिस कप्तान राजेश एस के अलावा एडीएम रामसिंह वर्मा, सीडीओ हरिशंकर सिंह, सीएमओ डा.सतीश सिंह, डा.आरबी मौर्य, बीएसए अमित कुमार सिंह आदि मौजूद रहे। ज्ञानपुर तहसील में एसडीएम अमृता सिंह की अध्यक्षता में संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस दौरान आए 72 प्रार्थना पत्रों में दो का निस्तारण किया गया, शेष संबंधित विभाग को सौंपा गया।
इसी तरह औराई तहसील में तहसीलदार गजानंद दूबे और एएसपी डॉ. संजय कुमार की अध्यक्षता में संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। विभिन्न विभागों के 56 प्रार्थना पत्र आए जिसमें छह का निस्तारण हुआ।