अमर उजाला ब्यूरो
ज्ञानपुर। भारत के प्रति चीन के रुख का जवाब भारतीय जनमानस ने देना शुरू कर दिया है। इसकी बानगी वियजदशमी में दिखी है। चाइनीज सामानों के प्रति लोगों का मोह भंग होने लगा है। खरीद कम होने से करीब 20 फीसदी तक चीन निर्मित सामान की बिक्री घट गई है। चीनी सामान के प्रति लोगों का जो गुस्सा दिख रहा है, इससे माना जा रहा है कि दीपावली पर चाइनीज सामान की बिक्री और प्रभावित हो सकती है।
बढ़ती महंगाई के बीच चीन ने पांच से सात साल पूर्व कम रेट पर सभी सामान को भारतीय बाजार में उतारा। बाजारों में 30 से 40 फीसदी तक सामान चीन निर्मित ही दिखने लगे। आतंकवादी घटनाओं के बाद पाकिस्तान का समर्थन करने के बाद भारतीय जनमानस ने चीनी सामान की खरीदारी कम कर दी है। विजयदशमी और नवरात्र में सजावट से जुड़े सामानों की खरीदारी कम हुई। दूकानदार ताराचंद्र पटवा ने बताया कि चीन निर्मित खिलौने, झालर समेत अन्य सामान की खरीदारी कम हुई। पिछले साल विजयदशमी में 10 हजार से अधिक का चीनी सामान खरीदा था, लेकिन इस साल पांच हजार का सामान आया। दूकानदार मो. सिद्दीकी ने कहा कि चीनी सामान में गुणवत्ता की कमी है। लेकिन, लोगों की मांग पर उसे बेचा जाता है। चीन के पाकिस्तानी प्रेम को लेकर लोगों ने खरीदारी कम की है। चाइनीज सामान की करीब 20 फीसदी बिक्री कम हुई है।