औराई। हाईवे पर आए दिन हो रही दुर्घटनाओं में घायल लोगों के तत्काल उपचार के लिए ट्रामा सेंटर का इंतजार करना होगा। 30 मई तक उसके पूरा होने की संभावना क्षीण हो गई है। ढाई साल का समय गुजरने के बाद भी कार्यदायी संस्था की उदासीनता से ट्रामा सेंटर पूर्ण नहीं हो सका। माना जा रहा है कि बारिश से पहले उसे हैंडओवर किया जाएगा।
हाईवे और अन्य जगहों पर हो रही भीषण दुर्घटनाओं के शिकार लोगों को सीएचसी और पीएचसी पर ले जाया जाता है ,जहां प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें वाराणसी मिर्जापुर या अन्य स्थानों के लिए रेफर कर दिया जाता है। अस्पतालों में पहुंचने से पूर्व कई लोगों की जान चली जाती है। उसी को ध्यान में रखते हुए पूर्ववर्ती सपा सरकार ने लोगों को तत्काल इलाज के लिए औराई सीएचसी के परिसर में एक करोड़ 65 लाख की लागत से ट्रामा सेंटर बनवाने का निर्णय लिया। जिसका शिलान्यास 12 दिसंबर 2016 को पूर्व विधायक मधुबाला पासी ने किया लेकिन कुछ माह बाद ही 2017 में विधानसभा चुनाव में सूबे में भाजपा सरकार बनी। राजनीतिक उठापटक के बीच एक वर्ष तक निर्माण कार्य शुरू नहीं हो पाया। 29 दिसंबर 2017 को उसी भूमि पर एक बार फिर सांसद वीरेंद्र सिंह और औराई विधायक दीनानाथ भाष्कर ने भूमिपूजन किया। कार्यदायी संस्था ने एक साल के भीतर भवन को हैंड ओवर कर देने की बात कही, लेकिन आज भी भवन पूरी तरह तैयार नहीं हो पाई है। अब भी भवन के फर्श का कार्य, टाइल्स का कार्य, टॉयलेट बाथरूम का कार्य, दरवाजा खिड़की का कार्य, भवन के चारों ओर अपरन का कार्य, पाइपलाइन और पानी सप्लाई का कार्य अधूरा पड़ा है, जबकि कार्यदायी संस्था उत्तर प्रदेश राजकीय निर्माण निगम को धनराशि मिल चुकी है। परियोजना प्रबंधक राम विजय सिंह ने कहा कि 30 मई तक हैंडओवर के लिए कहा गया था, लेकिन चुनाव और शादी विवाह होने से मजदूर दो माह से नहीं आ रहे हैं। काम शुरू होने के बाद 30 जून तक हैंडओवर कर दिया जाएगा।