भदोही। भारत की कम्युनिस्ट पार्टी मार्क्सवादी ने शुक्रवार को भदोही तहसील प्रांगण में धरना देकर केंद्र और प्रदेश की भाजपा सरकार को किसान विरोधी करार दिया। बाद में राज्यपाल को संबोधित आठ सूत्री ज्ञापन एसडीएम को सौंपा। सभा में 9 और 10 फरवरी को विभिन्न गांवों में होने वाले किसान गोष्ठी में सम्मिलित होने का भी आह्वान किया गया।
किसान नेता इंद्रदेव पाल ने कहा कि सरकार की अदूरदर्शी नीति से किसान हर तरफ से परेशान हैं। छुट्टा पशु किसानों की लहलहाती फसल को नष्ट कर दे रहे हैं, जिसका सरकार संज्ञान तक नहीं ले रही है। अपनी मेहनत की फसल बचाने के लिए किसानों को रात रात भर रतजगा करना पड़ रहा है। सत्ता में बैठे लोग पूंजीपतियों को खुश करने में लगे हुए हैं।
जगन्नाथ मौर्य ने कहा कि सरकार ने गोशाला बनाने पर लाखो रुपये खर्च कर रही है लेकिन उसका अब तक कोई लाभ नहीं दिखाई पड़ा है। किसानों के खिलाफ उल्टा मुकदमा और जुर्माना करने की धमकी दी जा रही है।
एसडीएम को सौंपे ज्ञापन में कहा कि फसल नष्ट करने वाले पशु मालिकों को दंडित करने, अनुपयोगी पशुओं को को सरकार स्वयं खरीदे, पशुओ द्वारा नष्ट की गई फसल का मुआवजा मिले, पशुओं के हमले में मारे गए लोगों के आश्रितों को आर्थिक मदद करने आदि की मांग की गई है। धरने में रामचंद्र पटेल, कैलाश नाथ बिंद, ज्ञानप्रकाश, मुरलीधर पाल, ह्रदयलाल, धर्मराज, राजेश गौतम, बेचू बिंद, डा.भान सिंह मौर्य, परदेसी राम, अशोक गौतम,अमृतलाल मौर्य, चंद्रेश त्रिपाठी, मान सिंह मौर्य, प्रेमबहादुर आदि उपस्थित रहे।