भदोही। मंगलवार को संपूर्ण समाधान दिवस पर जिलाधिकारी राजेंद्र प्रसाद और पुलिस अधीक्षक राजेश एस ने 93 लोगों की फरियाद सुनीं। इनमे अधिकतर लोगों की समस्याएं राजस्व, पेंशन, खाद्यान्न व आवास योजनाओं से जुड़े थे। डीएम ने अधिकारियों से कहा कि समाधान दिवसों पर आने वाली शिकायतों को लंबित न रखा जाए। मामलों का निपटारा करते समय दोनो पक्षों की बात सुनें और यदि राजस्व संबंधी मामला हो तो मौका मुआयना करने के बाद ही किसी नतीजे पर पहुंचें। डीएम ने चेताया कि कुछ अधिकारी अपने कार्य के प्रति गंभीर नहीं हैं। शिकायतें लंबित रखने से एक ही शिकायत बार- बार आ रही हैँ। ऐसे अधिकारियों का वेतन रोका जाएगा।
ग्राम धस्करी से पहुंचे बेचन प्रजापति ने बताया कि राम शरण यादव के ईंट भट्टे से कुम्हार बस्ती तक चकरोड को बस्ती के लोगों ने श्रमदान कर समतल कराया है, लेकिन एक व्यक्ति उस पर कब्जा करने का प्रयास कर रहा है। नगर के पकरी सभासद मुन्नीलाल ने कोटे की दुकान दो किमी दूर होने पर आपत्ति दर्ज कराई। कहा कि गरीब उपभोक्ताओं को खाद्यान्न लेने में दिक्कत होती है। भदोही तहसील बार के अध्यक्ष सूर्य प्रसाद द्विवेदी ने रजपूरा कालोनी फेस- टू में जलनिकासी की व्यवस्था कराए बगैर सड़क निर्माण पर आपत्ति जताते हुए डीएम से मौके निरीक्षण करने की मांग की।
एसडीएम यमुनाधर चौहान ने बताया कि समाधान दिवस पर 93 मामले आए जिसमे से 7 का निस्तारण कर दिया गया। समाधान दिवस पर लोगों को ईवीएम से भी परिचित कराया गया। एसपी ने लोगों को उसकी कार्यप्रणाली से भी अवगत कराया। इस मौके पर सीडीओ हरिशंकर सिंह, सीएमओ, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डा.आरबी मौर्य, डीडीओ जयकेश त्रिपाठी, बीएसए अमित कुमार सिंह आदि मौजूद रहे।
औराई संवाददाता के अनुसार औराई तहसील में एसडीएम कविता मीणा ने 102 मामलों में से सात का मौके पर ही निस्तारण किया। अपर पुलिस अधीक्षक संजय कुमार भी मौजूद रहे। उन्होंने पुलिस कर्मियों को भूमि संबंधी मामलों को गंभीरता से हल करने और समय पर आख्या प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। तहसीलदार गजानंद दूबे भी मौजूद रहे।
कोटे की दुकानों की हो जांच
भदोही। नगर पालिका क्षेत्र में कोटेदारों की मनमानी को लेकर भाजपा नगर अध्यक्ष प्रिंस गुप्ता ने संपूर्ण समाधान दिवस पर पत्र देकर सरकारी खाद्यान्न वितरण कोटेदारों की मनमानी से परवान नहीं चढ़ने की शिकायत की। उपभोक्ताओं को परेशान करने वाले कोटेदारों की दुकान निलंबित करने की मांग की। सज्ञथ ही सभी कोटे की दुकान स्थलों और लाभार्थियों की जांच कराने की भी मांग की।