ज्ञानपुर। लोकसभा चुनाव के मद्देनजर बनाई जा रही मतदाता सूची में पौने तीन लाख से अधिक मतदाताओं के नाम दो-दो क्षेत्रों में अंकित हैं। इसका पता तब चला जब मतदाता सूची सॉफ्टवेयर में अपलोड की गई। इसके बाद जिला प्रशासन के कान भी खड़े हो गए हैं। ऐसे में वोटरों को शार्ट लिस्ट किया जा रहा है। अब बीएलओ बूथों पर जाकर इनका भौतिक सत्यापन करेंगे। जिले में 11 लाख से अधिक वोटर हैं।
लोकसभा चुनाव से पहले भारत निर्वाचन आयोग ने तैयारी तेज कर दी है। विभाग मतदाता सूची को अंतिम रूप देने की कवायद में जुट गया है। एक सितंबर से 30 नवंबर तक चले मतदाता पुनरीक्षण अभियान में जहां 28 हजार वोटर बढ़े हैं, वहीं करीब 14 हजार वोटर कम भी हुए। इस दौरान तीनों विधानसभा क्षेत्रों में संभावित दो लाख 77 हजार वोटर डुप्लीकेट मिले हैं। चुनाव तिथि घोषित होने से पहले निर्वाचन विभाग बीएलओ के माध्यम से ऐसी सूची को सत्यापन कराने की कवायद में लग गया है। करीब तीन महीने तक चले मतदाता पुनरीक्षण अभियान के बाद आई सूची में तीनों विधानसभा क्षेत्रों में 11 लाख 37 हजार 107 मतदाता शामिल हुए। अभियान के दौरान करीब 28 हजार 540 मतदाता बढ़े, जबकि 14 हजार 555 मतदाता घटे। अभियान के दौरान फाइनल की गई सूची में दो लाख 77 हजार संभावित मतदाता ऐसे पाए गए हैं, जिनका नाम दो-दो जगह दर्ज है। निर्वाचन आयोग के साफ्टवेयर एरोनेट से मतदाता सूची को जोड़ने पर यह स्थिति सामने आई, हालांकि विभाग इसको लेकर असमंजस में है कि मतदाता सूची में फोटो तो अलग है, लेकिन मतदाता का नाम, पिता का नाम, पति का नाम समेत कुछ अन्य जानकारियां एक जैसी ही दिखीं। इसको देखते हुए निर्वाचन विभाग एक-एक बूथ पर मतदाताओं का सत्यापन कराएगा। इससे यह स्पष्ट होगा कि वह वास्तविक मतदाता है या डुप्लीकेट।
विधानसभावार डुप्लीकेट मतदाता
भदोही 1.04 लाख
ज्ञानपुर 85 हजार
औराई 86 हजार
जीत के लिए होती है गणित
ज्ञानपुर। मतदाता सूची में डुप्लीकेट मतदाताओं का नाम जोड़ने की साजिश चुनाव से छह-सात माह पहले ही शुरू कर दी जाती है। संभावित प्रत्याशी अपनी जीत के लिए अलग-अलग क्षेत्रों से चहेतों का नाम डलवा देते हैं। ताकि समय आने पर उन्हें इसका लाभ मिल सके। हालांकि इस बार आयोग के साफ्टवेयर से यह गणित भी फेल होती दिख रही है।
निर्वाचन आयोग के साफ्टवेयर से मतदाता सूची की तस्वीर स्पष्ट हो जाएगी। नाम और पिता के नाम एक भी हो सकते हैं। इससे सभी को संभावित मानकर विभाग चल रहा है। एक-एक बूथ पर बीएलओ सत्यापन करेंगे और मतदाता सूची दुरुस्त की जाएगी।
राम सिंह वर्मा, उप निर्वाचन अधिकारी भदोही