ऊंज। इलाके के अकोढ़ा गांव में आयोजित छह दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा के पांचवें दिन रविवार को वृंदावन से पधारे स्वामी रामानंद महराज ने श्रीकृष्ण जन्मोत्सव के प्रसंग को सुनाया। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण ज्ञान के भंडार हैं। इनके चरित्र को जीवन में उतारने से मनुष्य को सुख शांति की अनुभूति होती है। भागवत कथा का मनोयोग से श्रवण किया जाए तो जीवन क सारी परेशानी दूर हो जाती है। क्योंकि भागवत कथा जीवन को भावपूर्ण और रसमय बना देता है। जिसमें भगवान श्रीकृष्ण अद्भुत लीला का वर्णन समाहित है। मन चित से कथा के श्रवण मात्र से मनुष्य के सारे पाप नष्ट हो जाते हैं। भागवत कथा एक धर्म और कल्याण का एक ऐसा रास्ता है, जिस पर चलकर मुक्ति पाई जाती है। मौके पर पूर्व सांसद गोरखनाथ पांडेय, दिनेश सिंह, संतोष कुमार शुक्ला, इंद्रपाल सिंह, संतोष पांडेय, राम सागर पाठक, शलिल कुमार सिंह, टिंकू शुक्ला आदि रहे।