बिहार के गोपालगंज जनपद के अलीबानी गांव की रहने वाली नाजमा खातून अपने बेटे को लेकर बाजार करने आई थीं। वह सोहनाग मोड़ पर कार चालक के साथ बच्चे को छोड़कर सामान खरीदने चली गईं। इसी बीच कार में बच्चे को छोड़कर चालक भी कहीं चला गया और बच्चा गायब हो गया। इस बारे में पता चलते ही हड़कंप मच गया। दो घंटे बाद बच्चा हरैया चौराहा के पास रोते हुए मिला।
नाजमा खातून का मायका भाटपाररानी कस्बे में है। सोमवार को वह अपने बेटे को लेकर कार से सलेमपुर में बाजार करने के लिए आई थी। सुबह करीब दस बजे वह सोहनाग मोड़ पर पहुंची और बच्चे को कार में चालक के साथ छोड़कर एक माल में खरीदारी करने चली गईं। वापस लौटी तो कार में चालक व बच्चा दोनों नहीं थे।
फोन करके चालक को बुलाया तो उसने कहा कि बच्चा कहीं गायब हो गया है, उसे ही खोज रहा हूं। यह सुनकर नाजमा चिल्लाने लगीं। बीच सड़क पर महिला को रोते देख भीड़ जुट गई। तीन पहिया व रिक्शा तथा बाइक से लोग चारों तरफ बच्चे को खोजने के लिए निकल गए। कुछ लोग बसों को रोककर उसमें जांच पड़ताल करने लगे।
दो घंटे तक बस स्टैंड के पास अफरातफरी का माहौल रहा। काफी तलाश के बाद बच्चा हरैया चौराहा के पास रोते हुए दिखाई दिया। इसके बाद लोगों ने उसे पुलिस को सौंप दिया। पुलिस ने बच्चे को लेकर महिला को सुपुर्द कर दिया। एसआई जेएन राय ने बताया कि बच्चा गायब था, मिल गया। महिला को दे दिया गया है।