प्रेमी को जलाने वाली महिला गिरफ्तार। स्रोत- पुलिस
बस्ती। मुंडेरवा थाना क्षेत्र के बरहुआ गांव में प्रेमी को जलाने के बाद कमरा बंद कर फरार हुई महिला आठ दिन बाद पुलिस के हत्थे चढ़ी। पुलिस उसे मुंडेरवा रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार कर थाने ले आई। बाद में उसे कोर्ट में पेश किया गया जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
मामले का खुलासा करते हुए सीओ सिटी सत्येन्द्र भूषण त्रिपाठी ने बताया कि विवाद के कारण महिला युवक को रास्ते से हटाना चाहती थी, इस लिए उसने वारदात को अजांम देने की बात स्वीकार की है।
बता दें कि पिछले एक मई को बरहुआ गांव में लिव इन में रह रही महिला क्रांति चौधरी ने अपने प्रेमी रामचंद्र गुप्ता (26) को घर में ही जिंदा जलाने की कोशिश की थी। क्रांति पहले से शादीशुदा थी और उसका पति से तलाक हो गया था। इसके बाद से चार साल से वह रामचंद्र के साथ पति-पत्नी की तरह रहती थी। इधर दो माह से वह रामचंद्र के बरहुआ स्थित घर पर आकर रहने लगी थी।
रामचंद्र की मां के अनुसार एक मई की रात दोनों खाना खाने के बाद कमरे में सोने चले गए। करीब 11 बजे कमरे में धुआं निकलने लगा और अंदर से रामचंद गुप्ता के चिल्लाने की आवाज आई। इसके बाद कमरे से आग की लपटे निकलने लगी। कमरा बाहर से बंद होने के कारण रामचंद कमरे में बने रोशन दान के सहारे किसी तरह बाहर कूदे तब तक वह पूरी तरह से झुलस गए थे। घटना के बाद प्रेमिका मौके से फरार हो गई।
वहीं परिजन आनन-फानन में उन्हें लेकर कैली अस्पताल आए जहां पर चिकित्सकों ने हालत गंभीर देख मेडिकल कॉलेज गोरखपुर के लिए रेफर कर दिया, वहां छह दिन बाद बुधवार की देर रात इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। रामचंद्र गुप्ता की मां सरस्वती देवी की तहरीर पर प्रेमिका क्रांति पर प्राथमिकी दर्ज हुई थी।
गांव के लोग पुलिस के प्रति आक्रोशित दिखे। युवक की मौत के 24 घंटे में प्रेमिका क्रांति को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। शुक्रवार को उसे न्यायालय में पेश कर वहां से उसे जेल भेज दिया गया।