दरिंदगी की घटना में नामजद आरोपियों की गौर पुलिस की घनिष्टता की खबरों को आईजी आरके भारद्वाज ने संज्ञान लिया है। समाचार पत्रों और सोशल मीडिया में चल रही इससे संबंधित फोटो और खबरों के संबंध में जांच का आदेश दिया है। आईजी ने बताया कि इसके लेकर एसपी को पत्र लिखा गया है कि किसी राजपत्रित अधिकारी से इन आरोपों की जांच करवाकर कार्रवाई करें।
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अय्याशी का अड्डा बताया जा रहा कुंदन सिंह का घर
क्षेत्र के लोग आरोपी भाजपा नेता कुंदन सिंह के घर को अय्याशी का अड्डा बताते हैं। उस घर में उसका परिवार नहीं रहता है। लोगों का तो यहां तक कहना है कि वहां काफी दिनों से संदिग्ध गतिविधियां संचालित होती रही हैं। मृतका के पिता का तो यहां तक आरोप है कि राजनैतिक संरक्षण और सत्ता के दबाव में वह निरंकुश हो गया था। सब कुछ जानते हुए कार्रवाई करने के बजाए पुलिस सह देती रही। जिससे उसका मनोबल बढ़ता गया। घटना के बाद तलाशी में बीयर की पेटी और अन्य आपत्तिजनक वस्तुएं उसी कड़ी का हिस्सा बताई जा रही है। हालांकि पुलिस इस बारे में कुछ भी बताने से कन्नी काट रही है।
नाबालिग के दुस्साहस की सबसे ज्यादा चर्चा
दरिंदगी की घटना का अहम किरदार बताए जा रहे नाबालिग के दुस्साहस की सबसे ज्यादा चर्चा है। सूत्रों के मुताबिक किशोरी की मौत के बाद शव को घसीटकर सड़क के किनारे ले जाकर फेंकने के बाद खुद उसी ने मृतका के पड़ोसी को फोन करके बताया कि उसके गांव की लड़की का शव पड़ा हुआ है। यहां तक कि परिवार वालों के साथ शव लेकर वह निजी चिकित्सक के यहां गया। वहां मृत घोषित किए जाने के बाद वह मृतका के घर भी गया। वहां से अपने घर जाकर कपड़े बदला और एक निमंत्रण में जाकर भोजन किया। इसके बाद वह पुलिस के हत्थे चढ़ा।
किशोरी से दरिंदगी का आरोपी भाजपा नेता कुंदन सिंह।
- फोटो : अमर उजाला।
गौर थाने से विवेचना स्थानांतरित करने के लिए शुक्रवार को मृतका के पिता कुछ लोगों के साथ पुलिस कार्यालय पहुंचे, मगर तब तक एसपी दफ्तर से निकल चुके थे। उसके पिता ने बताया कि वह लोग आवास पर भी गए लेकिन मुलाकात नहीं हो पाई। उन्हें शनिवार को सुबह 10 बजे बुलाया गया है।
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लेखपाल संगठन चुनाव के कारण आगे नहीं बढ़ा पैमाइश का काम
लेखपाल संगठन का शुक्रवार को चुनाव होने की वजह से आरोपी भाजपा नेता के मकान की पैमाइश और रजिस्ट्री के कागजातों की जांच नहीं हो पाई। बृहस्पतिवार को स्थलीय पैमाइश हो गई थी लेकिन अभी चौहद्दी और रजिस्ट्री के दस्तावेज की जांच होना बाकी है। एसडीएम हर्रैया गुलाब चंद्र ने बताया कि अभी उन्हें पैमाइश की रिपोर्ट नहीं मिल पाई है। रिपोर्ट मिलते ही डीएम की संस्तुुति के बाद कार्रवाई की जाएगी।
कांग्रेस ने की सख्त कार्रवाई की मांग
गौर थाना क्षेत्र में किशोरी के साथ हुई घटना में कांग्रेस ने दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। शुक्रवार को जिला महिला कांग्रेस कमेटी की उपाध्यक्ष मंजू पांडेय ने कहा कि मामले में सरकार का रवैया बेहद निराशाजनक है। फास्ट ट्रैक कोर्ट में मुकदमा चलाकर दोषियों को सख्त से सख्त सजा दिलाई जाए। कांग्रेस जिलाध्यक्ष ज्ञानेंद्र पांडेय ने बताया कि पीड़ित परिवार से मिलने 10 जून को कमेटी का एक प्रतिनिधि मंडल उनके गांव जाएगा।
घर से सब्जी लाने निकली गौर थानाक्षेत्र की 14 वर्षीय किशोरी का एक किलोमीटर दूर बिरऊपुर के पास सोमवार रात को खून से लथपथ शव मिला था। सूचना पर पहुंचे परिवार के लोग जिंदा होने की उम्मीद में पास के एक निजी डाक्टर के पास ले गए, लेकिन डाक्टर ने बताया कि उसकी करीब घंटे भर पहले ही मौत हो चुकी है। इसके बाद परिवार के लोग शव लेकर घर चले गए।
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परिवार के लोगों को आशंका थी कि उसके साथ अनहोनी हुई है लेकिन तहरीर में तीन लोगों को नामजद करते हुए हत्या की बात लिखकर दिया। मृतका की मां की तहरीर पर पुलिस ने हत्या का केस दर्ज कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पोस्टमार्टम में अप्राकृतिक दुष्कर्म की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने केस में नाबालिग के साथ सामूहिक दुष्कर्म और पॉक्सो की धारा को शामिल किया। इस मामले में एक नाबालिग और दो अन्य नामजद आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया। जिसमें एक कुंदन सिंह भाजपा नेता बताया जा रहा है।
प्रियंका गांधी ने ट्वीट कर की भर्त्सना
कांग्रेस पार्टी की महासचिव प्रियंका गांधी ने ट्वीट कर गौर थानाक्षेत्र की किशोरी के साथ दरिंदगी की घटना की भर्त्सना की है। लिखा है कि बस्ती,उत्तर प्रदेश में एक बच्ची के साथ गैंगरेप और मृत शरीर के साथ भी बर्बरता रूह कंपा देने वाली है। भाजपा के नेता और कार्यकर्ता द्वारा गैंगरेप व हत्या का ऐसा अमानवीय कृत्य यह बताता है कि राज्य में महिलाओं की सुरक्षा की क्या हालत है। ये है बेटी बचाओ की सच्चाई।