चीनी मिल मुंडेरवा परिसर मे आयोजित नौ दिवसीय देवी भगवती कथा कहते आचार्य दयानिधान पान्डेय- संवा
मुंडेरवा (बस्ती)। चीनी मिल मुंडेरवा परिसर में चल रहे नौ दिवसीय देवी भागवत कथा में आचार्य दयानिधान पांडेय ने श्रद्धालुओं को जीवनोपयोगी संदेश दिए। आचार्य ने कहा कि भावना, क्रिया और परिणाम का एक चक्र है। कार्य का परिणाम प्रायः भावना पर निर्भर करता है। शुद्ध भावना से की गई क्रिया हमेशा शुभ परिणाम लाती है। उन्होंने यह भी कहा कि व्यक्ति को उसका सबसे बड़ा दुश्मन उतना नुकसान नहीं पहुंचा सकता जितना कि उसके नकारात्मक विचार।
आचार्य ने आगे कहा कि जो व्यक्ति स्वयं के साथ मित्रता करता है, वह दूसरों के साथ गलत व्यवहार नहीं करता। किसी व्यक्ति की कमाई का अधिकांश भाग दूसरों के भाग्य में चला जाता है उसका अपना भाग्य केवल उतना ही है जितना वह स्वयं उपयोग करता है। संवाद