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Basti News: एक और एटीएम में चोरी का हुआ था प्रयास

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कप्तानगंज में एटीएम चोरी की घटना की जांच करने पहुंचे एएसपी दीपेंद्र कुमार चौधरी। - फोटो : BASTI
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एक और एटीएम में चोरी का हुआ था प्रयास
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- दूसरे दिन भी पुलिस के हाथ नहीं लगा कोई ठोस सुराग
- पुलिस की पांच टीमें कई जिलों में लगातार दे रहीं दबिश
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती/महराजगंज। चोरों ने कप्तानगंज में लगे एक और एटीएम में चोरी का प्रयास किया था। मगर अलार्म बज जाने की वजह से सफल नहीं हो सके। इसके बाद फ्लाईओवर के पास के एटीएम पर पहुंचे। वहां के सिस्टम का नेटवर्क खराब होने की वजह से अलर्ट करने वाला एलार्म नहीं बजा। चोरों ने यहां से एटीएम को काटकर लगभग 20 लाख लेकर भागने में सफल हो गए।
अब तक की जांच में पता चला है कि जिस एटीएम के अलार्म का अलर्ट पुलिस को सुबह पांच बजे मिला था, उसमें चोरी नहीं हुई। पुलिस पहले वाले एटीएम का डाटा जुटाने का प्रयास कर रही है।
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एसपी आशीष श्रीवास्तव ने बताया कि एटीएम का पूरा सिस्टम आउट सोर्सिंग पर आधारित होने की वजह से इसमें देर हो रही है। एसपी के मुताबिक स्टेट बैंक ने पूरी एटीएम संचालन की व्यवस्था निजी कंपनी सीएमएस को सौंप रखा है। दोनों में समन्वय बेहतर न होने के कारण कई जानकारियां देने में वे टाल मटोल कर रहे हैं। उधर, घटना का पर्दाफाश करने के लिए पुलिस जुटी हुई है। हालांकि अभी किसी ठोस नतीजे पर नहीं पहुंच पाई है।
जिले की स्वाट, एसओजी, सर्विलांस सहित पांच टीमें कुशीनगर, सिद्धार्थनगर, संतकबीरनगर समेत कई अलग-अलग जनपदों में लगातार दबिश दे रही हैं। कुशीनगर जिले की पुलिस का भी इसमें सहयोग लिया जा रहा है। क्योंकि वहां के तमकुहीराज में ठीक इसी तरह से हुई एटीएम चोरी का पुलिस ने पर्दाफाश किया था।
संदेह है कि कहीं उसी गिरोह के गुर्गों ने इस घटना को भी अंजाम न दिया हो। उधर, चोरों की निशानदेही के लिए पुलिस ने पूरे कस्बे के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। वहीं, एटीएम से जुड़े कर्मियों से भी पूछताछ की जा रही है।
बता दें कि कप्तानगंज स्थित एसबीआई के एटीएम को गैस कटर से काटकर चोर 20.37 लाख रुपये उठा ले गए थे। बुधवार को दोपहर में सीओ कलवारी विनय चौहान, एटीएम और कैमरा इंजीनियर अनूप शर्मा के साथ स्वाट, एसओजी, फॉरेसिंग टीम घटनास्थल पर पहुंची। दिन भर एटीएम इंजीनियर और पुलिस की टीम कस्बे में लगे एटीएम का फुटेज खंगालते रहे। मगर कुछ भी ऐसा फुटेज हाथ नहीं लगा, जिसके सहारे चोरों की पहचान हो सके।
एटीएम संचालित करने वाली कंपनी के चैनल एक्जीक्यूटिव सुधीर यादव और एफएलएम राम लखन का कहना है कि उनके दो एटीएम कस्बे में लगे हैं। उन दोनों पर चोरी का प्रयास हुआ था।
कर्मचारियों के जवाब से पुलिस असंतुष्ट
घटना को लेकर पुलिस को एटीएम के कर्मचारियों पर भी संदेह है। उनसे भी लगातार पूछताछ की जा रही है। कई बातों का वह गोलमोल जवाब दे रहे हैं, जिससे पुलिस संतुष्ट नहीं है। सबसे बड़ी बात कि छह जनवरी से कैमरा बंद होने की सूचना पुलिस को नहीं दी गई थी। न ही उसे ठीक कराने का प्रयास किया गया। पुलिस कर्मचारियों से इसका बार-बार जवाब मांग रही है, लेकिन वे कुछ भी बताने की स्थिति में नहीं लगते। सात जनवरी को उसमें 15 लाख रुपये डाले गये थे। उस समय आखिर क्यों कर्मियों को सीसीटीवी कैमरा खराब होने की जानकारी नहीं हो पाई।
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एक मूंछ वाले अधेड़ की पुलिस को तलाश
जिस एटीएम में चोरी हुई है उसके आसपास के एक सीसीटीवी कैमरे में एक मूंछ वाला व्यक्ति रुपये निकालकर जाते दिखा है। उसे लेकर पुलिस काफी परेशान है। बताया जा रहा है कि कुछ दिन पहले एक पिकअप की चोरी और एक दुकान की चोरी के मामले में वहां के सीसीटीवी फुटेज में भी वह शख्स दिखा है। पुलिस उसकी तलाश कर रही है।
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कैमरा ही नहीं नेटवर्क भी खराब था
जिस एटीएम में चोरी हुई उसका सिर्फ सीसीटीवी कैमरा ही नहीं, बल्कि नेटवर्क भी खराब था। एटीएम संचालित करने वाले तकनीशियन ने बताया कि उसे सुबह आठ बजे इसके बारे में मुंबई कमांड सेंटर से सूचित किया गया था मगर तब तक चोरी हो चुकी थी। उसने बताया कि सर्वर मुंबई में लगा है इसलिए इस तरह की सूचना उन तक पहुंचने में दो-तीन घंटे लग जाते हैं।
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